दिल्ली-रेवाड़ी-जयपुर रेलवे लाइन प्रोजेक्ट में आई तेजी, 2 घंटे में पूरा होगा सफर
दिल्ली से जयपुर का सफर अब सिर्फ 2 घंटे में होगा पूरा। नई 191 किमी रेलवे लाइन के प्रोजेक्ट में आई तेजी, जानें पूरी डिटेल।

अगर आप दिल्ली से जयपुर के बीच सफर करते हैं, तो आपके लिए एक बड़ी खुशखबरी है। दिल्ली जयपुर रेलवे लाइन प्रोजेक्ट अब रफ्तार पकड़ रहा है, जिससे आने वाले समय में यह सफर बेहद छोटा और आसान हो जाएगा। इस महत्वाकांक्षी योजना के तहत 191 किलोमीटर लंबी एक नई रेल लाइन बिछाई जाएगी, जो दिल्ली, रेवाड़ी और जयपुर को जोड़ेगी। इस प्रोजेक्ट की सबसे खास बात यह है कि इसकी रफ्तार 180 से 200 किमी प्रति घंटा तक हो सकती है, जिससे दिल्ली और जयपुर के बीच की दूरी महज दो घंटे में तय की जा सकेगी।
इस प्रोजेक्ट को गति देने के लिए जयपुर ग्रामीण के सांसद राव राजेंद्र सिंह ने केंद्रीय रेल मंत्री अश्विनी वैष्णव से मुलाकात की। उन्होंने इस बात पर जोर दिया कि प्रोजेक्ट की विस्तृत परियोजना रिपोर्ट (DPR) की प्रक्रिया को जल्द से जल्द पूरा किया जाए ताकि निर्माण कार्य शुरू हो सके। राहत की बात यह है कि रेल मंत्रालय ने इसे प्रशासनिक मंजूरी दे दी है और फाइनल लोकेशन सर्वे (FLS) के लिए 5.73 करोड़ रुपये का बजट भी आवंटित कर दिया गया है। रेलवे बोर्ड ने अब DPR और FLS दोनों को अपनी हरी झंडी दे दी है।
औद्योगिक क्षेत्रों को मिलेगा बड़ा फायदा
यह नई रेल लाइन केवल यात्रियों के लिए ही नहीं, बल्कि व्यापार और उद्योग के लिए भी गेम चेंजर साबित होगी। यह रूट रेवाड़ी जंक्शन से शुरू होकर शाहजहाँपुर, नीमराना, बहरोड़, कोटपुतली, पावटा-प्रगपुरा और शाहपुरा जैसे महत्वपूर्ण औद्योगिक क्षेत्रों से गुजरेगा और जयपुर में समाप्त होगा।
- नीमराना जापानी ज़ोन: इस क्षेत्र को सीधी रेल कनेक्टिविटी मिलने से माल ढुलाई की लागत कम होगी।
- ट्रैफिक का दबाव कम: यह नया कॉरिडोर मौजूदा रूट पर ट्रेनों के दबाव को कम करेगा, जिससे सफर और अधिक सुगम होगा।
- आर्थिक विकास: औद्योगिक केंद्रों के जुड़ने से क्षेत्रीय अर्थव्यवस्था को मजबूती मिलेगी।
यह प्रोजेक्ट केंद्र सरकार की बुनियादी ढांचे को आधुनिक बनाने की बड़ी योजना का हिस्सा है। हालांकि यह मुंबई-अहमदाबाद हाई-स्पीड रेल कॉरिडोर से अलग है, लेकिन इसका उद्देश्य भी देश के प्रमुख जिलों को एक हाई-स्पीड नेटवर्क से जोड़कर समय और संसाधन बचाना है।