दिल्ली में 1 अक्टूबर से सख्त नियम: वैध पीयूसी न होने पर कटेगा 10,000 रुपये तक का चालान और हो सकती है जेल

दिल्ली सरकार ने प्रदूषण नियंत्रण को लेकर एक बड़ा कदम उठाया है। 1 अक्टूबर 2026 से दिल्ली में वैध पीयूसी (पॉल्यूशन अंडर कंट्रोल) सर्टिफिकेट न होने पर सख्त कार्रवाई की जाएगी। यह अभियान राजधानी में चलने वाले सभी मोटर वाहनों पर लागू होगा, जिसमें उत्तर प्रदेश और हरियाणा में रजिस्टर्ड वाहन भी शामिल हैं। अधिकारियों ने स्पष्ट किया है कि अन्य राज्यों में रजिस्ट्रेशन होने से नियमों की पालना से छूट नहीं मिलेगी। केंद्रीय मोटर वाहन नियम 1989 के नियम 115(7) के तहत सभी वाहनों के लिए शुरुआती रजिस्ट्रेशन के एक साल बाद वैध पीयूसी होना अनिवार्य है। नियमों की निगरानी दिल्ली ट्रैफिक पुलिस, परिवहन विभाग, वाहन डेटाबेस और सीसीटीवी कैमरों के जरिए की जाएगी। वैध सर्टिफिकेट के बिना गाड़ी चलाने पर चालकों को 10,000 रुपये तक का जुर्माना, तीन महीने के लिए लाइसेंस सस्पेंड या छह महीने तक की जेल हो सकती है।