अया नगर में दिल्ली पुलिस की पहल, NGO में बच्चों को सिखाए सेल्फ डिफेंस के गुर
दिल्ली पुलिस ने अया नगर के NGO में बच्चों को सेल्फ डिफेंस और गुड टच-बैड टच के बारे में जागरूक किया।

राजधानी दिल्ली के अया नगर इलाके में बच्चों की सुरक्षा और उनके आत्मविश्वास को बढ़ाने के लिए दिल्ली पुलिस ने एक खास कदम उठाया है। दक्षिणी जिला पुलिस ने यहाँ स्थित 'जन माध्यम' एनजीओ (NGO) में एक व्यापक जागरूकता सत्र का आयोजन किया। इस वर्कशॉप का मुख्य उद्देश्य बच्चों को आत्मरक्षा (Self-Defense) की तकनीक सिखाना और उन्हें व्यक्तिगत सुरक्षा के प्रति सचेत करना था।
इस सत्र के दौरान बच्चों को न केवल शारीरिक रूप से खुद को बचाने के तरीके बताए गए, बल्कि उन्हें 'गुड टच और बैड टच' के बीच के महत्वपूर्ण अंतर को भी समझाया गया। पुलिस अधिकारियों ने इस बात पर जोर दिया कि बच्चे अपनी सुरक्षा के प्रति जागरूक रहें और किसी भी संदिग्ध परिस्थिति में आवाज उठाना सीखें।
बच्चों की सुरक्षा के लिए दिल्ली पुलिस का बड़ा अभियान
यह आयोजन दिल्ली पुलिस की उस लंबी प्रतिबद्धता का हिस्सा है, जिसके तहत वह आम जनता और विशेषकर बच्चों की सुरक्षा के लिए काम कर रही है। आपको बता दें कि साल 2002 से अब तक दिल्ली पुलिस ने करीब 33 लाख बच्चों को आत्मरक्षा का प्रशिक्षण दिया है। इनमें से लगभग 9.5 लाख बच्चों को पुलिस की समर्पित सेल्फ-डिफेंस विंग के माध्यम से सीधे तौर पर ट्रेनिंग मिली है।
पुलिस विभाग द्वारा इस तरह के वर्कशॉप और ट्रेनिंग सेशन नियमित रूप से स्कूलों, कॉलेजों और विभिन्न गैर-सरकारी संगठनों में आयोजित किए जाते हैं। यह पहल दिल्ली सरकार द्वारा जुलाई 2026 में शुरू किए गए महीने भर के जागरूकता अभियान के साथ भी मेल खाती है, जिसमें दिल्ली पुलिस के सहयोग से सभी स्कूलों में 'गुड टच-बैड टच' मॉड्यूल को शामिल किया गया था ताकि बच्चों तक व्यापक स्तर पर जानकारी पहुंचाई जा सके।