अफवाहों पर लगाम: दिल्ली पुलिस ने हटवाए 300 भ्रामक सोशल मीडिया पोस्ट

राजधानी में शांति व्यवस्था बनाए रखने के लिए दिल्ली पुलिस ने डिजिटल प्लेटफॉर्म्स पर बड़ी कार्रवाई की है। पुलिस ने सोशल मीडिया पर फैल रही अफवाहों और गलत जानकारियों को रोकने के लिए लगभग 300 भ्रामक पोस्ट हटवाए हैं। यह कदम शहर में चल रहे विरोध प्रदर्शनों के बीच जनता को गुमराह होने से बचाने और कानून-व्यवस्था बनाए रखने के लिए उठाया गया है।
पुलिस अधिकारियों के मुताबिक, सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म्स (विशेषकर X) के साथ समन्वय कर उन पोस्ट्स को हटाया गया है जो आईटी एक्ट 2000 के तहत जनता को भड़काने या शरारत फैलाने वाले पाए गए। जांच में यह बात सामने आई कि कुछ हैंडल्स जानबूझकर ऐसी खबरें फैला रहे थे जिससे समाज में तनाव पैदा हो।
राहुल गांधी की रैली और AI वीडियो का फर्जीवाड़ा
पुलिस ने बताया कि भ्रामक जानकारियों में एक बेहद गंभीर दावा शामिल था, जिसमें कहा गया कि कांग्रेस नेता राहुल गांधी की रैली में पुलिस फायरिंग हुई और इसमें पांच लोगों की मौत हो गई। पुलिस ने इसे पूरी तरह फर्जी करार दिया है। इस तरह के झूठे नैरेटिव और एडिटेड वीडियो फैलाने वाले सोशल मीडिया हैंडल @indiantiwari01 को सख्त चेतावनी जारी की गई है।
इसके अलावा, तकनीक के गलत इस्तेमाल का एक चौंकाने वाला मामला भी सामने आया है। पुलिस ने 24 वर्षीय नदीम अहमद नाम के युवक को गिरफ्तार किया है। आरोपी ने आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (AI) टूल्स का इस्तेमाल कर एक फर्जी वीडियो बनाया था। इस वीडियो में मुख्य चुनाव आयुक्त ज्ञानेश कुमार के खिलाफ हो रहे प्रदर्शन के दौरान एक पुलिस अधिकारी द्वारा महिला पत्रकार के यौन उत्पीड़न का झूठा दावा किया गया था।
दिल्ली पुलिस ने स्पष्ट चेतावनी दी है कि सोशल मीडिया पर द्वेषपूर्ण अफवाहें फैलाना एक दंडनीय अपराध है। पुलिस अब भी डिजिटल प्लेटफॉर्म्स की बारीकी से निगरानी कर रही है और फर्जी खबरें बनाने या उन्हें शेयर करने वालों के खिलाफ सख्त कानूनी कार्रवाई जारी रखेगी।