दक्षिण दिल्ली पुलिस की 'जन सुनवाई' पहल, अब शिकायतों का होगा त्वरित समाधान
दक्षिण दिल्ली पुलिस ने 'जन सुनवाई' पहल के जरिए नागरिकों की समस्याओं को सुनने और पारदर्शी पुलिसिंग सुनिश्चित करने की प्रतिबद्धता दोहराई है।

दिल्ली पुलिस का दक्षिण जिला अब आम जनता की समस्याओं को सुनने और उन्हें जल्द से जल्द हल करने के लिए पूरी तरह समर्पित है। पुलिस प्रशासन ने अपनी 'जन सुनवाई' पहल को और मजबूती देने का फैसला किया है, ताकि नागरिकों और पुलिस के बीच भरोसे को और गहरा किया जा सके। इस मुहिम का मुख्य उद्देश्य पारदर्शी पुलिसिंग सुनिश्चित करना है, जहां हर आम नागरिक की आवाज सुनी जाए और उसकी वाजिब चिंताओं का समाधान हो।
दक्षिण दिल्ली डीसीपी कार्यालय ने सोशल मीडिया के जरिए साझा किया कि 'जन सुनवाई – आपकी आवाज मायने रखती है, आपकी चिंताएं मायने रखती हैं' कार्यक्रम नागरिक-केंद्रित कानून प्रवर्तन की दिशा में एक मील का पत्थर है। यह पहल केवल कागजों तक सीमित नहीं है, बल्कि इसे जमीन पर उतारने के लिए ठोस कदम उठाए जा रहे हैं।
हर थाने पर शनिवार को होगी सुनवाई
उपराज्यपाल तरनजीत सिंह संधू और पुलिस कमिश्नर सतीश गोलचा के निर्देशों के तहत, दिल्ली पुलिस के हर थाने पर वैकल्पिक शनिवार (alternate Saturdays) को सुबह 10:00 बजे से दोपहर 2:00 बजे तक 'थाना दिवस-जन सुनवाई' सत्र आयोजित किए जाते हैं। इस विशेष व्यवस्था की खास बातें निम्नलिखित हैं:
- सीधी पहुंच: नागरिक अपनी शिकायतें और सुझाव सीधे पुलिस अधिकारियों के सामने रख सकते हैं।
- वरिष्ठ अधिकारियों की मौजूदगी: इन सत्रों में असिस्टेंट कमिश्नर से लेकर स्पेशल कमिश्नर तक के सुपरवाइजरी स्टाफ की रोटेशनल उपस्थिति रहती है।
- सभी शिकायतें मान्य: सुनवाई के दौरान दी गई हर शिकायत को स्वीकार करना अनिवार्य है, भले ही वह पहले 'इंटीग्रेटेड कंप्लेंट मॉनिटरिंग सिस्टम' (ICMS) पर दर्ज न हो। बाद में इन सभी शिकायतों को ट्रैकिंग के लिए सिस्टम में अपलोड किया जाता है।
- नागरिक-अनुकूल माहौल: थाना प्रभारियों (SHOs) को निर्देश दिए गए हैं कि वे थाने में हेल्प डेस्क की सुविधा दें और ऐसा माहौल बनाएं जहां लोग बिना झिझक अपनी बात कह सकें।
इसके अलावा, जिन शिकायतों के लिए फील्ड वेरिफिकेशन की जरूरत होती है, उन्हें तुरंत निपटाने के निर्देश दिए गए हैं। जिला डीसीपी लगातार रेजिडेंट वेलफेयर एसोसिएशन (RWA) और मार्केट वेलफेयर एसोसिएशन (MWA) के संपर्क में हैं, ताकि अधिक से अधिक लोग इस सुविधा का लाभ उठा सकें और अपनी समस्याओं का समाधान पा सकें।