दिल्ली पुलिस की पहली FIR के 165 साल: जब महज 2.80 रुपये की चोरी पर दर्ज हुआ था मामला

Kittu Kumari17 October 20261 min read0 viewsDelhi Local
दिल्ली पुलिस की पहली FIR के 165 साल: जब महज 2.80 रुपये की चोरी पर दर्ज हुआ था मामला

दिल्ली पुलिस के इतिहास में एक बेहद दिलचस्प पन्ना जुड़ा है। शहर में पहली बार एफआईआर (FIR) दर्ज हुए अब 165 साल पूरे हो गए हैं। 18 अक्टूबर 1861 को दर्ज की गई यह पहली रिपोर्ट न केवल पुलिसिंग की शुरुआत थी, बल्कि उस दौर के सामाजिक और कानूनी ढांचे की एक झलक भी दिखाती है। यह ऐतिहासिक घटना तब घटी जब शहर में सबसे पहले सब्जी मंडी पुलिस स्टेशन की स्थापना हुई थी।

यह पहली एफआईआर भारतीय पुलिस अधिनियम 1861 के लागू होने के बाद दर्ज की गई थी। आपको बता दें कि उस समय दिल्ली पंजाब प्रांत का हिस्सा थी, इसलिए उस दौर के कानूनी और पुलिस दस्तावेजों में उर्दू और फारसी भाषा का इस्तेमाल किया जाता था। इस पहली FIR के मूल दस्तावेज पर भी इन्हीं दोनों भाषाओं में लिखावट मौजूद है।

क्या था वह मामला और कितनी हुई थी चोरी?

DelhiBreakings की हर खबर सबसे पहलेJoin Channel

इस ऐतिहासिक केस की शुरुआत मऊद्दीन नाम के एक शख्स ने की थी, जो मोहम्मद ए.आर. खान के बेटे थे और कटरा शीश महल इलाके के निवासी थे। मऊद्दीन ने सब्जी मंडी पुलिस स्टेशन में अपनी शिकायत दर्ज कराई थी कि उनके घर में चोरी हुई है।

हैरानी की बात यह है कि जिस चोरी के लिए यह पहली एफआईआर दर्ज हुई, उसमें चोरी हुए सामान की लिस्ट काफी साधारण थी। शिकायत के मुताबिक, चोर महिलाओं के कपड़े, एक हुक्का, तीन देगची (खाना पकाने के बर्तन), एक कटोरा और कुछ अन्य घरेलू सामान ले गए थे। उस समय इन सभी सामानों की कुल कीमत महज '45 आने' आंकी गई थी, जो आज के हिसाब से लगभग 2.80 रुपये के बराबर थी।

दिल्ली पुलिस अब इस ऐतिहासिक मील के पत्थर को याद कर रही है, जो यह दर्शाता है कि शहर की कानून व्यवस्था और पुलिसिंग का सफर कितना पुराना और विविध रहा है।

Share:

Comments

Leave a comment