दिल्ली पुलिस ने अशोक विहार कारोबारी के घर हुई लूटपाट मामले में चार संदिग्धों को हिरासत में लिया

दिल्ली पुलिस ने अशोक विहार में कारोबारी मनोज कुमार के घर हुई बड़ी लूटपाट के मामले में चार लोगों को हिरासत में लिया है। यह घटना बुधवार, 19 अगस्त 2026 को हुई थी, जिसमें चार हथियारबंद संदिग्ध डिलीवरी बॉय बनकर घर के अंदर घुसे थे। घर के अंदर घुसकर आरोपियों ने मनोज कुमार की पत्नी मीरा और उनकी दो बेटियों को चाकू की नोक पर बंधक बना लिया। संदिग्धों ने पीड़ितों के हाथ, पैर और मुंह टेप से बांध दिए और उन्हें शारीरिक नुकसान पहुंचाने की धमकी दी। इसके बाद वे लगभग 75 लाख रुपये नकद और विभिन्न आभूषण लेकर फरार हो गए। यह पूरी लूटपाट की घटना लगभग 20 मिनट के भीतर अंजाम दी गई।
पुलिस जांच और बीएनएस धाराएं
इस अपराध के बाद, नॉर्थ वेस्ट डिस्ट्रिक्ट पुलिस ने डीसीपी आकांक्षा यादव के नेतृत्व में एक गहन जांच शुरू की। अधिकारियों ने भारतीय न्याय संहिता (BNS) की धाराओं के तहत मामला दर्ज किया है, जिसमें लूट के लिए धारा 309(4), लूट के दौरान चोट पहुंचाने के लिए धारा 309(6), लूट के दौरान हत्या का प्रयास या गंभीर चोट पहुंचाने के लिए धारा 311 और सामान्य इरादे के लिए धारा 3(5) शामिल हैं। संदिग्धों का पता लगाने के लिए स्पेशल स्टाफ के सदस्यों सहित आधा दर्जन से अधिक पुलिस टीमों को तैनात किया गया था। जांचकर्ताओं ने सीसीटीवी फुटेज का इस्तेमाल किया, जिसमें संदिग्ध ब्लॉक ई-64 और ई-90 के पास खड़े मोटरसाइकिलों पर भागते हुए दिखाई दिए, और अपराधियों की पहचान के लिए तकनीकी निगरानी का भी सहारा लिया गया।
पहचान और पूछताछ
गुरुवार, 20 अगस्त 2026 को पुलिस ने चारों हिरासत में लिए गए लोगों को अपराध स्थल पर ले गई, जहां मीरा ने उन्हें हमलावरों के रूप में सफलतापूर्वक पहचान लिया। अधिकारियों ने बताया कि हमलावरों के पास घर की गतिविधियों की अंदरूनी और गहरी जानकारी थी। पुलिस वर्तमान में संदिग्धों से कड़ाई से पूछताछ कर रही है और लूटी गई नकदी और कीमती सामानों को बरामद करने के लिए काम कर रही है।