दिल्ली पुलिस ने अवैध रूप से रह रहे 9 विदेशी नागरिकों को हिरासत में लिया

दिल्ली के उत्तर जिला पुलिस ने अवैध प्रवासन और अनधिकृत ठहराव के खिलाफ एक बड़ा अभियान चलाया है। इस अभियान के तहत पुलिस ने वैध वीजा या दस्तावेजों के बिना रहने वाले नौ विदेशी नागरिकों को हिरासत में लिया है। अधिकारियों के अनुसार, इस कार्रवाई का मुख्य उद्देश्य राष्ट्रीय राजधानी में कानून-व्यवस्था को बनाए रखना और अवैध प्रवासियों पर नजर रखना है। उत्तर जिला पुलिस ने खुफिया इनपुट के आधार पर दो विशेष टीमों का गठन किया था, जिन्होंने जिले में ओवरस्टे करने वाले विदेशियों और लंबित आपराधिक मामलों वाले व्यक्तियों की कानूनी स्थिति की समीक्षा की। इस संबंध में एजेंसी ANI ने पूरी जानकारी दी है।
संचालन के पहले चरण में 7 सितंबर को बुराड़ी के बाबा कॉलोनी में एक पुलिस टीम ने व्यवस्थित तलाशी अभियान चलाया। इस दौरान तीन नाइजीरियाई नागरिकों की पहचान विक्टोरिया इसीमाह, गॉडपावर इकेकुकवू और अलिउ सिसे के रूप में हुई। सत्यापन के दौरान इसीमाह ने समाप्त वीजा वाला पासपोर्ट दिखाया, जबकि अन्य दो ने कोई वैध दस्तावेज नहीं दिखाए। इन तीनों को विदेशी क्षेत्रीय पंजीकरण कार्यालय (FRRO) के समक्ष पेश किया गया, जिसने नरेला के सेवा सदन प्रतिबंध केंद्र में भेजने का आदेश जारी किया।
दूसरे चरण में 16 सितंबर को तड़के विशेष स्टाफ, विदेशी सेल और एंटी-नारकोटिक्स सेल की संयुक्त टीम ने बुराड़ी के चंदन विहार, प्रगति एनक्लेव और मौर्य एनक्लेव में छापेमारी की। इस दौरान 10 विदेशी नागरिकों को सत्यापन के लिए पकड़ा गया, जिनमें से चार लोग समाप्त वीजा पर रह रहे थे और दो के पास कोई दस्तावेज नहीं थे। इन छह लोगों को FRRO के समक्ष पेश करके लामपुर और सराय रोहिल्ला के प्रतिबंध केंद्रों में भेज दिया गया।
अन्य तीन विदेशी नागरिकों, एनडागिरे मिजी, इमैनुएल ओवुसु न्सियाह और संडे चिकेजी के खिलाफ अलग-अलग आपराधिक मामलों में मुकदमे चल रहे हैं, जिसके कारण उन्हें तत्काल कार्रवाई से छूट दी गई। कैमरून के एक अन्य नागरिक सैमुअल एनो एबोट मणिएनोव के दस्तावेज वैध पाए जाने पर उन्हें छोड़ दिया गया। पुलिस ने स्पष्ट किया कि राजधानी में आव्रजन उल्लंघनों की जांच के लिए यह गहन अभियान जारी रहेगा।