दिल्ली में फ्री बस सफर के लिए अब 'पिंक सहेली स्मार्ट कार्ड' होगा जरूरी

दिल्ली की महिलाओं और स्थानीय ट्रांसजेंडर व्यक्तियों के लिए मुफ्त बस यात्रा का तरीका अब बदलने जा रहा है। दिल्ली सरकार ने अब डीटीसी (DTC) और क्लस्टर बसों में फ्री सफर के लिए पिंक सहेली स्मार्ट कार्ड को अनिवार्य कर दिया है। यह नियम एसी और नॉन-एसी, दोनों तरह की बसों पर लागू होगा। अब यात्री पुराने तरीके से मिलने वाले पेपर पिंक टिकट का इस्तेमाल नहीं कर पाएंगे।
दिल्ली परिवहन निगम के नए नियमों (संशोधन 2026) के तहत यह बदलाव किया गया है। दरअसल, सरकार का मकसद पूरी टिकटिंग प्रक्रिया को डिजिटल बनाना और यात्राओं का सटीक रिकॉर्ड रखना है। यह कार्ड नेशनल कॉमन मोबिलिटी कार्ड (NCMC) प्लेटफॉर्म पर आधारित है, जिससे वेरिफिकेशन की प्रक्रिया भी आसान हो जाएगी।
पेपर टिकट की समय सीमा बढ़ाई गई
शुरुआत में पेपर टिकटों को 30 सितंबर 2026 तक ही मान्य रखा गया था और 1 अक्टूबर से स्मार्ट कार्ड अनिवार्य होना था। हालांकि, यात्रियों की सुविधा को देखते हुए दिल्ली परिवहन विभाग ने पेपर पिंक टिकटों की वैधता को बढ़ाकर 10 अक्टूबर 2026 तक कर दिया है। अब 10 अक्टूबर के बाद से केवल स्मार्ट कार्ड वाले यात्री ही फ्री यात्रा का लाभ ले सकेंगे।
बता दें कि मार्च 2026 में इस सुविधा की शुरुआत के बाद से अब तक करीब 19 लाख महिलाएं इस कार्ड का इस्तेमाल कर चुकी हैं। सरकार इस नए सिस्टम को पूरी तरह लागू करने के लिए सोशल मीडिया, विज्ञापनों और बसों में अनाउंसमेंट के जरिए जागरूकता अभियान भी चला रही है, ताकि कोई भी पात्र यात्री इस समय सीमा से पहले अपना रजिस्ट्रेशन करा सके।