दिल्ली सरकार का बड़ा एक्शन: 4.4 लाख पेंशनभोगियों का होगा बायोमेट्रिक वेरिफिकेशन

दिल्ली सरकार ने बुजुर्ग पेंशनभोगियों के लिए घर-घर बायोमेट्रिक वेरिफिकेशन शुरू किया है। अपात्रों को हटाने के लिए यह अभियान 3 महीने चलेगा।

Kittu Kumari26 October 20262 min read0 viewsDelhi Local
दिल्ली सरकार का बड़ा एक्शन: 4.4 लाख पेंशनभोगियों का होगा बायोमेट्रिक वेरिफिकेशन

दिल्ली सरकार ने राज्य की ओल्ड-एज पेंशन योजना के तहत लाभ ले रहे करीब 4.3 से 4.4 लाख बुजुर्गों के लिए एक बड़ा वेरिफिकेशन अभियान शुरू किया है। शनिवार, 24 अक्टूबर 2026 से शुरू हुए इस डोर-टू-डोर अभियान का मकसद यह सुनिश्चित करना है कि पेंशन का लाभ केवल उन्हीं लोगों को मिले जो वास्तव में इसके हकदार हैं। सोशल वेलफेयर डिपार्टमेंट की देखरेख में चलने वाला यह पूरा प्रोसेस अगले तीन महीनों में पूरा कर लिया जाएगा।

इस पूरी प्रक्रिया को पारदर्शी और सटीक बनाने के लिए सरकार कॉमन सर्विस सेंटर (CSC) के नेटवर्क का सहारा ले रही है। दिल्ली भर में मौजूद लगभग 6,000 सेंटरों के जरिए लाभार्थियों का बायोमेट्रिक ऑथेंटिकेशन किया जाएगा। इसमें फिंगरप्रिंट और आइरिस स्कैन के साथ-साथ लाभार्थियों की लाइव फोटो ली जाएगी और उनके पंजीकृत पते की जियोटैगिंग भी की जाएगी।

अपात्रों की होगी छंटनी, तीन बार दी जाएगी मौका

DelhiBreakings की हर खबर सबसे पहलेJoin Channel

अधिकारियों के मुताबिक, इस अभियान का मुख्य उद्देश्य उन लोगों की पहचान करना है जो अब इस योजना के पात्र नहीं रहे। इसमें मृत व्यक्ति, डुप्लीकेट एंट्रीज या वे लोग शामिल हैं जिनकी पारिवारिक आय सालाना 1 लाख रुपये की तय सीमा से अधिक हो गई है। सरकार का अनुमान है कि इस वेरिफिकेशन के बाद करीब 20% से 25% लाभार्थियों के नाम सूची से हटाए जा सकते हैं।

पेंशन योजना के नियमों के अनुसार, 60 से 69 वर्ष की आयु के बुजुर्गों को 2,000 रुपये और 70 वर्ष से अधिक उम्र वालों को 2,500 रुपये महीना मिलता है। वेरिफिकेशन टीम हर लाभार्थी के घर अधिकतम तीन बार जाएगी। अगर इन तीन कोशिशों के बाद भी व्यक्ति उपस्थित नहीं मिलता है, तो उसकी पेंशन रद्द की जा सकती है।

बता दें कि कैबिनेट ने अक्टूबर 2025 में ही इन वार्षिक जांचों को मंजूरी दे दी थी, लेकिन आधार ऑथेंटिकेशन की अनुमति मिलने में देरी के कारण यह अभियान अब शुरू हो पाया है। समाज कल्याण मंत्री रविंदर इंद्रज सिंह ने स्पष्ट किया है कि सरकार की प्राथमिकता यह है कि सभी पात्र नागरिकों को बिना किसी बाधा के उनका हक मिले।

Share:

Comments

Leave a comment