Delhi-NCR में भारी बारिश से जलभराव और भारी ट्रैफिक जाम, IMD का अलर्ट जारी

शुक्रवार, 7 अगस्त 2026 को हुई भारी बारिश ने दिल्ली-एनसीआर (Delhi-NCR) का जनजीवन अस्त-व्यस्त कर दिया। दिल्ली से लेकर नोएडा और गुरुग्राम तक व्यापक जलभराव और गंभीर ट्रैफिक जाम की स्थिति बन गई। पीक ऑवर्स के दौरान यात्रियों को भारी परेशानी का सामना करना पड़ा, जिसमें वाहन रेंगते नजर आए और जलमग्न सड़कों पर एम्बुलेंस के फंसने की भी खबरें आईं।
- दिल्ली-एनसीआर में IMD द्वारा 'Yellow Alert' जारी किया गया, जिसमें मध्यम से भारी बारिश का अनुमान जताया गया।
- कुछ क्षेत्रों के लिए 'Red Alert' जारी किया गया, जो अगले तीन घंटों में अत्यधिक भारी बारिश का संकेत देता है।
- IMD ने इस बारिश का कारण उत्तर भारत में कई सक्रिय मौसम प्रणालियों का दुर्लभ संयोजन बताया है और 10 अगस्त तक हल्की से मध्यम बौछारें जारी रहने की संभावना जताई है।
प्रमुख सड़कों और गुरुग्राम की स्थिति
महरोली-बदarpur रोड, ITO, वजीराबाद रोड, कनॉट प्लेस, NH-8 और विकास मार्ग जैसे प्रमुख मार्ग बाढ़ से गंभीर रूप से प्रभावित हुए, जिससे व्यापक देरी हुई। गुरुवार, 6 अगस्त को गुरुग्राम में चार घंटे में 100mm से अधिक बारिश दर्ज की गई, जिससे वर्तमान जलभराव में काफी वृद्धि हुई। लगातार ट्रैफिक और जलभराव के जवाब में, गुरुग्राम पुलिस ने निजी कंपनियों से 6 और 7 अगस्त दोनों दिन कर्मचारियों के लिए 'Work From Home' की अनुमति देने की अपील की। इसके अतिरिक्त, PWD मंत्री प्रवेश साहिब सिंह ने NHAI को NH 24 पर बार-बार होने वाले जलभराव को दूर करने और एक विस्तृत रिपोर्ट प्रस्तुत करने का निर्देश दिया।
कांवड़ यात्रा और बारिश के आंकड़े
30 जुलाई से 11 अगस्त तक निर्धारित चल रही कांवड़ यात्रा ने क्षेत्र की ट्रैफिक स्थिति को और अधिक जटिल बना दिया। दिल्ली ट्रैफिक पुलिस ने विभिन्न एडवाइजरी, डायवर्जन और भारी वाहनों पर प्रतिबंध जारी किए, जिसमें तीर्थयात्रियों को समायोजित करने के लिए GT रोड का एक हिस्सा और दिल्ली-मेरठ एक्सप्रेसवे का उत्तर प्रदेश खंड सहित प्रमुख मार्ग बंद या डायवर्ट किए गए। 7 अगस्त तक, दिल्ली में इस महीने सामान्य 233.1mm के मुकाबले 127mm बारिश दर्ज की गई है। इस भारी बारिश से उमस से बहुत जरूरी राहत मिली, तापमान नीचे आया और शहर का एयर क्वालिटी इंडेक्स (AQI) सुधरकर 'सकारात्मक' 69 हो गया।