दिल्ली-NCR में बिगड़ी हवा: डॉक्टरों ने जारी की हेल्थ एडवाइजरी, बच्चों और बुजुर्गों को विशेष सावधानी की सलाह

दिवाली से पहले दिल्ली-NCR की हवा एक बार फिर जहरीली होने लगी है। वायु गुणवत्ता सूचकांक (AQI) में भारी गिरावट दर्ज की गई है, जिससे आम लोगों की सेहत पर खतरा मंडराने लगा है। स्थिति की गंभीरता को देखते हुए मेडिकल एक्सपर्ट्स ने बच्चों और बुजुर्गों की सुरक्षा के लिए एक जरूरी आठ सूत्री एडवाइजरी जारी की है। शहर के अलग-अलग इलाकों में AQI 145 से लेकर 425 तक रिकॉर्ड किया गया है, जिसके चलते लोगों को आंखों में जलन, गले में खराश, खांसी और सांस लेने में तकलीफ जैसी समस्याएं हो रही हैं।
बचाव के लिए अपनाएं ये जरूरी टिप्स
डॉक्टरों का कहना है कि इस समय सावधानी ही सबसे बड़ा बचाव है। स्वास्थ्य विशेषज्ञों ने निम्नलिखित सुझाव दिए हैं:
- बाहर निकलते समय हमेशा N-95 मास्क का उपयोग करें।
- घर के अंदर हवा को साफ रखने के लिए सही क्षमता वाले एयर प्यूरीफायर लगाएं।
- प्रदूषण के स्तर वाले घंटों में खिड़कियां बंद रखें।
- नाक की सफाई के लिए नेज़ल सलाइन ड्रॉप्स या 'जल नेति' का सहारा लें।
- सांस की तकलीफ दूर करने के लिए स्टीम इनहेलेशन (भाप लेना) करें।
- बाहर की भारी शारीरिक गतिविधियों और कसरत से बचें।
- समय-समय पर स्थानीय AQI डेटा चेक करते रहें।
- घर के अंदर हवा शुद्ध करने वाले पौधे लगाएं।
रिपोर्ट्स के मुताबिक, पीएम 2.5 के स्तर में 23.2% योगदान ट्रांसपोर्ट उत्सर्जन का है, जबकि निर्माण कार्य और कचरा जलाने जैसी गतिविधियां प्रदूषण को और बढ़ा रही हैं। इसे नियंत्रित करने के लिए कमीशन फॉर एयर क्वालिटी मैनेजमेंट (CAQM) ने 'ग्रेडेड रिस्पांस एक्शन प्लान' (GRAP) लागू कर दिया है।
वहीं, दिल्ली सरकार 'साथ निभाएं, प्रदूषण घटाएं' अभियान के जरिए जागरूकता फैला रही है और नए ईवी चार्जिंग स्टेशन स्थापित किए जा रहे हैं। केंद्रीय पर्यावरण मंत्री भूपेंद्र यादव ने 47 हॉटस्पॉट्स के लिए 11 सूत्री कार्ययोजना तैयार की है। सख्ती दिखाते हुए प्रशासन ने सदातपुर और करावल नगर में नियमों का उल्लंघन करने वाली आठ अवैध फैक्ट्रियों को सील किया है। इसके अलावा, 1 नवंबर से ऑफिसों में 50% वर्क-फ्रॉम-होम और BS-IV वाहनों पर प्रतिबंध जैसे कड़े कदम उठाए जा सकते हैं।