दिल्ली मेट्रो और ट्रेन सेवाएं बहाल, CJP विरोध प्रदर्शन के बाद खुला रास्ता

राजधानी दिल्ली के लोगों के लिए राहत की खबर है। कॉकरोच जनता पार्टी (CJP) के विरोध प्रदर्शनों के कारण लगाए गए प्रतिबंध अब हटा लिए गए हैं, जिसके बाद दिल्ली मेट्रो और ट्रेन सेवाएं पूरी तरह से बहाल कर दी गई हैं। रविवार, 11 अक्टूबर 2026 से मेट्रो के सभी स्टेशन, बंद पड़े गेट और इंटरचेंज सुविधाएं फिर से चालू हो गई हैं। वहीं, उत्तर रेलवे ने भी पुष्टि की है कि नई दिल्ली और हजरत निजामुद्दीन रेलवे स्टेशनों पर ट्रेनों का संचालन आधी रात से अपने निर्धारित समय के अनुसार शुरू हो गया है।
बता दें कि यह पूरा संकट शुक्रवार, 9 अक्टूबर की रात 9 बजे शुरू हुआ था, जिसके बाद शनिवार को पुलिस ने भारी लॉकडाउन लगा दिया था। इस दौरान दिल्ली मेट्रो रेल कॉर्पोरेशन (DMRC) ने पहले 57 स्टेशनों को बंद करने का आदेश दिया था, लेकिन सुप्रीम कोर्ट के हस्तक्षेप के बाद इस संख्या को घटाकर 45 किया गया। चीफ जस्टिस सूर्य कांत की बेंच ने अधिकारियों को परिवहन पर लगी पूरी तरह पाबंदी पर पुनर्विचार करने का निर्देश दिया था।
विरोध प्रदर्शन और गिरफ्तारियां
यह पूरा हंगामा मुख्य चुनाव आयुक्त ज्ञानेश कुमार के इस्तीफे की मांग को लेकर शुरू हुआ, जिन पर चुनावी गड़बड़ी के आरोप लगाए गए हैं। इस प्रदर्शन के दौरान पुलिस ने करीब 3,000 प्रदर्शनकारियों को हिरासत में लिया था। हिरासत में आने वालों में अरविंद केजरीवाल, ममता बनर्जी, पिनाराई विजयन, माणिक सरकार जैसे दिग्गज नेता और यूट्यूबर ध्रुव राठी भी शामिल थे। हालांकि, अधिकांश लोगों को रिहा कर दिया गया है, लेकिन CJP के नेता अभिजीत डिपके, सौरभ दास, आशुतोष रंका और अजिंक्य शिंदे अब भी हिरासत में हैं।
पुलिस कमिश्नर अनुराग कुमार ने स्पष्ट किया था कि जंतर मंतर पर प्रदर्शन की अनुमति नहीं दी गई थी क्योंकि 10 दिन पहले नोटिस देने की अनिवार्य शर्त पूरी नहीं हुई थी। हालांकि सेवाएं बहाल हो गई हैं, लेकिन दिल्ली ट्रैफिक पुलिस ने चेतावनी दी है कि जंतर मंतर पर जारी प्रदर्शनों के कारण आज भी मध्य दिल्ली में ट्रैफिक प्रतिबंध लग सकते हैं। इस बीच, एडवोकेट शैलेंद्र मणि त्रिपाठी ने प्रतिबंधों के प्रबंधन को लेकर अवमानना याचिका दायर की है, जिस पर सुप्रीम कोर्ट आज विशेष सुनवाई करेगा।