दिल्ली मेट्रो और रेलवे सेवाएं पूरी तरह बहाल, CJP विरोध प्रदर्शन के बाद लौटा सामान्य जीवन

राजधानी दिल्ली में पिछले दो दिनों से जारी परिवहन संकट अब खत्म हो गया है। कॉकरोच जनता पार्टी (CJP) के विरोध प्रदर्शन के चलते लगाई गई पाबंदियां हटा ली गई हैं, जिसके बाद दिल्ली मेट्रो और रेलवे सेवाएं पूरी तरह से सामान्य हो गई हैं। रविवार सुबह से ही मेट्रो स्टेशनों के सभी एंट्री और एग्जिट गेट खोल दिए गए हैं और इंटरचेंज सुविधाएं भी दोबारा शुरू हो गई हैं। साथ ही, नई दिल्ली और निजामुद्दीन स्टेशनों से चलने वाली ट्रेनें अब अपने निर्धारित समय पर संचालित हो रही हैं।
बता दें कि यह पूरा व्यवधान शुक्रवार रात 9:00 बजे से शनिवार रात 10:00 बजे तक रहा। दिल्ली पुलिस के अनुरोध और सुरक्षा प्रोटोकॉल के कारण शहर के करीब 45 से 57 मेट्रो स्टेशनों को बंद करना पड़ा था। यह सख्त कदम जंतर मंतर पर CJP द्वारा किए जा रहे प्रदर्शन के मद्देनजर उठाए गए थे, जहां प्रदर्शनकारी मुख्य चुनाव आयुक्त ज्ञानेश कुमार के इस्तीफे की मांग कर रहे थे। सुरक्षा के लिए नई दिल्ली जिले में भारतीय नागरिक सुरक्षा संहिता (BNSS) की धारा 163 लागू की गई थी और जनपथ व जंतर मंतर के आसपास भारी बैरिकेडिंग और वाहनों की सघन चेकिंग की जा रही थी।
सुप्रीम कोर्ट ने जताई चिंता, हिरासत से रिहा हुए CJP नेता
परिवहन सेवाओं के इस लंबे निलंबन ने आम जनता की मुश्किलों को बढ़ा दिया था, जिस पर सुप्रीम कोर्ट ने भी गहरी चिंता व्यक्त की। अदालत ने कहा कि इस तरह के बंद से आम नागरिकों के दैनिक जीवन और उनकी रोजी-रोटी पर बुरा असर पड़ता है। कानूनी कार्रवाई की बात करें तो CJP के संस्थापक अभिजीत दीपके, सौरव दास और आशुतोष रंका को दिल्ली कैंट की ACM कोर्ट में पेश किया गया, जिसके बाद उन्हें रिहा कर दिया गया।
रविवार सुबह तक जंतर मंतर के आसपास पुलिस बल तैनात रहा ताकि व्यवस्था बनी रहे, लेकिन अब शहर में ट्रैफिक का प्रवाह पूरी तरह सामान्य है और यात्री बिना किसी रुकावट के सफर कर रहे हैं।