दक्षिण दिल्ली के कालकाजी में 17 वर्षीय लड़की से सामूहिक बलात्कार, वकील और छात्र समेत तीन गिरफ्तार

दिल्ली पुलिस ने दक्षिण दिल्ली के आस्था कुंज पार्क में 17 वर्षीय लड़की के साथ कथित सामूहिक बलात्कार के मामले में एक वकील और एक बीएससी छात्र सहित तीन लोगों को गिरफ्तार किया है। यह घटना सोमवार, 21 सितंबर 2026 को शाम करीब 7:30 बजे हुई, और पुलिस को रात 8:45 बजे इस संबंध में सूचना मिली थी। पुलिस को इस घटना की सूचना रात 8:45 बजे मिली थी।
गिरफ्तार आरोपियों की पहचान आसिफ, हेमंत सिंह और मुकेश के रूप में हुई है, जिनकी उम्र 25 से 30 वर्ष के बीच है। जांचकर्ताओं के अनुसार, आरोपियों ने खुद को पुलिसकर्मी बताकर पीड़िता और उसके नाबालिग साथी को धमकाया और फिर उन्हें अलग करके इस अपराध को अंजाम दिया। आसिफ पर घटना के दौरान बंदूक और चाकू इस्तेमाल करने का आरोप है। आरोपियों ने खुद को पुलिसकर्मी बताकर पीड़िता और उसके साथी को धमकाया था।
मंगलवार, 22 सितंबर 2026 को गिरफ्तारी के दौरान आसिफ ने पुलिस दल पर गोली चला दी, जिसके बाद जवाबी कार्रवाई में उसके दाहिने पैर में गोली लग गई और पुलिस ने उसके पास से हथियार बरामद किया। अन्य दो संदिग्धों, वकील हेमंत सिंह और उनके भाई बीएससी छात्र मुकेश को भी उसी दिन पुलिस ने गिरफ्तार कर लिया। दक्षिण पूर्व डीसीपी विनीत कुमार ने मामले दर्ज होने की पुष्टि की है।
दक्षिण पूर्व डीसीपी विनीत कुमार और संयुक्त पुलिस आयुक्त (दक्षिणपूर्व) विजय कुमार ने बताया कि औपचारिक शिकायत मिलने और एम्स अस्पताल में पीड़िता की मेडिकल जांच के बाद ये गिरफ्तारियां की गईं। अधिकारियों ने बीएनएस की धाराओं और पॉक्सो एक्ट के तहत मामला दर्ज किया है। अपराध शाखा और फोरेंसिक विशेषज्ञों ने पार्क की जांच की है और अधिकारी सीसीटीवी फुटेज की समीक्षा कर रहे हैं। मामले में एम्स अस्पताल में पीड़िता की मेडिकल जांच कराई गई है।
इस बीच, हेमंत और मुकेश के पिता और वकील जे.आर. ढंकार ने सार्वजनिक रूप से आरोप लगाया है कि उनके बेटों को झूठा फंसाया गया है और उन्हें पुलिस हिंसा का शिकार बनाया गया है। इस संबंध में ANI की रिपोर्ट के अनुसार आगे की जांच जारी है। आरोपियों के पिता ने बेटों को फंसाए जाने का सार्वजनिक आरोप लगाया है।