प्रदूषण रोकने की तैयारी: दिल्ली में मूर्तियों के लिए लगेंगे 250 कलेक्शन कियोस्क

दिल्ली में त्योहारों के दौरान मूर्तियों और पूजा सामग्री के सही निपटान के लिए सरकार ने एक बड़ा कदम उठाया है। प्रदूषण को रोकने और जल निकायों को साफ रखने के लिए दिल्ली सरकार और दिल्ली नगर निगम (MCD) मिलकर पूरे शहर में 250 मूर्ति संग्रह कियोस्क (Idol Collection Kiosks) स्थापित करेंगे। मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता ने इस पहल की कमान संभाली है, ताकि धार्मिक परंपराओं का सम्मान करते हुए पर्यावरण की रक्षा की जा सके।
इस योजना को अमलीजामा पहनाने के लिए गुरुवार को दिल्ली सचिवालय में MCD और प्लास्टइंडिया फाउंडेशन के बीच एक समझौता ज्ञापन (MoU) पर हस्ताक्षर किए गए। इस पहल के पहले चरण में MCD के विभिन्न वार्डों में ये कियोस्क लगाए जाएंगे। इन केंद्रों का मुख्य उद्देश्य यह है कि लोग अपनी पुरानी या खंडित मूर्तियों और पूजा सामग्री को सड़कों या नदियों में विसर्जित करने के बजाय सम्मानपूर्वक इन केंद्रों पर जमा करें। यहां जमा की गई सामग्री को बाद में इकट्ठा कर, अलग किया जाएगा और फिर रिसाइकिल किया जाएगा।
धार्मिक आस्था और पर्यावरण का तालमेल
मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता ने इस मौके पर कहा कि धार्मिक परंपराएं और पर्यावरण संरक्षण दोनों को साथ लेकर चलना जरूरी है। उन्होंने दिल्लीवासियों से अपील की है कि वे सार्वजनिक स्थानों, सड़कों या जल निकायों में मूर्तियों को फेंकने के बजाय इन निर्धारित केंद्रों का उपयोग करें। वहीं, मेयर प्रवेश वाही ने भरोसा जताया कि इन केंद्रों से धार्मिक सामग्री का बेहतर प्रबंधन होगा और सार्वजनिक स्थान स्वच्छ रहेंगे।
इस समझौते के तहत कियोस्क के रखरखाव, साफ-सफाई, स्टाफ की तैनाती और सामग्री को अधिकृत स्थलों तक पहुंचाने की जिम्मेदारी MCD की होगी। प्लास्टइंडिया फाउंडेशन के चेयरमैन आलोक टिबरेवाला ने बताया कि फाउंडेशन ने ये कियोस्क मुफ्त में विकसित और स्थापित किए हैं, जिनमें से 60 कियोस्क अब तक लगाए जा चुके हैं। इस कार्यक्रम में स्टैंडिंग कमेटी की चेयरपर्सन सत्य शर्मा, सदन के नेता जयभगवान यादव और नगर आयुक्त संजीव खिरवार सहित कई वरिष्ठ अधिकारी मौजूद थे।