Delhi High Court: तब्बू की याचिका पर सुनवाई, पर्सनालिटी राइट्स मामलों के लिए SOP पर विचार

दिल्ली हाई कोर्ट ने 6 अगस्त 2026 को अभिनेता तब्बू की एक याचिका पर सुनवाई की, जिसमें डिजिटल प्लेटफॉर्म पर फैल रहे आपत्तिजनक, अपमानजनक और बिना अनुमति वाले कंटेंट (AI-जनरेटेड सामग्री सहित) को हटाने की मांग की गई थी। इस सुनवाई के दौरान, जस्टिस ज्योति सिंह ने संकेत दिया कि अदालत ऑनलाइन पर्सनालिटी राइट्स के गलत इस्तेमाल से जुड़े मामलों से निपटने के लिए एक Standard Operating Procedure (SOP) बनाने पर विचार कर सकती है।
कंटेंट को ऑनलाइन जाने से रोकने पर जोर
जस्टिस सिंह ने आपत्तिजनक ऑनलाइन कंटेंट के तेजी से फैलने को रोकने के लिए एक असरदार तंत्र की बहुत जरूरत बताई। उन्होंने कहा कि चिंता केवल मौजूदा विवाद तक सीमित नहीं है, बल्कि एक ऐसी प्रक्रिया स्थापित करने की है जो "इसे शुरुआत में ही रोक सके ताकि यह ऑनलाइन न जाए।" अदालत ने एक अंतरिम आदेश जारी करते हुए Facebook, Instagram और Reddit जैसे प्लेटफॉर्म पर मौजूद उन तमाम सोशल मीडिया पोस्ट और लिंक्स को हटाने का निर्देश दिया, जिनमें तब्बू को निशाना बनाकर अपमानजनक और अशील कंटेंट शेयर किया गया था।
तब्बू की याचिका और आगे की तारीख
तब्बू (जिनका कानूनी नाम तबस्सुम जमाल हाशमी है) ने 5 अगस्त 2026 को अदालत का रुख किया था। उन्होंने अपने नाम, तस्वीर, likeness और डिजिटल प्रतिरूपण (digital impersonation) सहित अन्य पहचान केAttributes के बिना अनुमति इस्तेमाल के खिलाफ अपने personality and publicity rights की सुरक्षा की मांग की थी। तब्बू की ओर से सीनियर एडवोकेट स्वाथी सुकुमार पेश हुईं, जबकि कार्यवाही में Meta Platforms, Google और GoDaddy जैसे intermediaries शामिल थे। ANINews की रिपोर्ट के अनुसार, इस मामले की अगली सुनवाई 7 दिसंबर 2026 को तय की गई है, जिस दिन अभिनेता की अंतरिम राहत की अर्जी पर अदालत का आदेश आने की उम्मीद है।