दिल्ली सरकार ने पुरानी वोटर आईडी से ईवी सब्सिडी के आवेदन की दी अनुमति, मतदाता सूची में बदलाव के बाद राहत

दिल्ली सरकार ने इलेक्ट्रिक वाहन यानी ईवी सब्सिडी की आवेदन प्रक्रिया में बड़ी राहत दी है। मतदाता सूची के मसौदे में गड़बड़ी के कारण जिन लोगों को परेशानी हो रही थी, वे अब अपनी पुरानी दिल्ली वोटर आईडी कार्ड का उपयोग करके ईवी सब्सिडी का दावा कर सकते हैं, भले ही उस कार्ड में पुराना पता या नाम हो। सब्सिडी का दावा करने के लिए आवेदकों के पास दिल्ली से जारी आधार कार्ड और वोटर आईडी कार्ड दोनों होना अनिवार्य है। परिवहन अधिकारियों के निर्देश के अनुसार वाहन का पंजीकरण प्रमाण पत्र यानी आरसी जारी होने के 30 दिनों के भीतर ईवी सब्सिडी के लिए आवेदन करना होगा। सब्सिडी की राशि सीधे लाभार्थी के आधार से जुड़े बैंक खाते में डायरेक्ट बेनिफिट ट्रांसफर के जरिए भेजी जाती है। आवेदक आधिकारिक दिल्ली ईवी सब्सिडी पोर्टल evsubsidy.delhi.gov.in के माध्यम से अपने आवेदन जमा कर सकते हैं, आरसी, आधार और वोटर आईडी जैसे दस्तावेज अपलोड कर सकते हैं और अपने आवेदन की स्थिति देख सकते हैं। मतदाता सूची के विशेष गहन संशोधन यानी एसआईआर के बाद लगभग 47 लाख नाम हटाए गए थे और 3.3 करोड़ से अधिक लोगों को डेटा में गड़बड़ी के नोटिस मिले थे। दिल्ली के मुख्य निर्वाचन अधिकारी अशोक कुमार ने 23 सितंबर 2026 को स्पष्ट किया था कि इन नोटिसों का उद्देश्य मतदाताओं को रिकॉर्ड सुधारने का मौका देना था न कि स्थायी रूप से नाम काटना। नागरिक अपने विवरण को ठीक करने के लिए स्थानीय चुनाव पंजीकरण अधिकारी के पास दस्तावेज जमा कर सकते हैं, चुनाव आयोग के मतदाता पोर्टल का उपयोग कर सकते हैं या ईसीआईनेट मोबाइल ऐप का उपयोग कर सकते हैं। मतदाता सूची में शामिल होने के लिए फॉर्म 6 जमा करने की अंतिम तिथि 30 सितंबर है। वंचित समूहों की सहायता के लिए 23, 24 और 27 सितंबर को विशेष पंजीकरण शिविर आयोजित किए गए थे। दिल्ली के लिए अंतिम अपडेट की गई मतदाता सूची 4 नवंबर को जारी होने वाली है। इस संबंध में अधिक जानकारी के लिए ECI Voter Services Portal पर जा सकते हैं।