दिल्ली सरकार ने शुरू की 56 महिलाओं के लिए स्पेशल इलेक्ट्रिक बसें, जानें क्या है पूरी खबर

दिल्ली सरकार ने बुधवार, 19 अगस्त 2026 को आधिकारिक तौर पर 56 समर्पित महिलाओं के लिए विशेष इलेक्ट्रिक बस सेवाएं शुरू की हैं। इसका उद्देश्य पब्लिक ट्रांसपोर्ट सेफ्टी और एक्सेसिबिलिटी को बढ़ाना है। इस बेड़े को लेफ्टिनेंट गवर्नर तरनजीत सिंह संधू और चीफ मिनिस्टर रेखा गुप्ता द्वारा 200 नई इलेक्ट्रिक बसों के साथ हरी झंडी दिखाकर रवाना किया गया, जो राजधानी के पब्लिक ट्रांसपोर्ट नेटवर्क का एक बड़ा विस्तार है (Source)।
- बुधवार, 19 अगस्त 2026 को 56 महिलाओं के लिए समर्पित इलेक्ट्रिक बसें शुरू हुईं।
- लेफ्टिनेंट गवर्नर तरनजीत सिंह संधू और चीफ मिनिस्टर रेखा गुप्ता ने 200 नई इलेक्ट्रिक बसों के साथ इन्हें हरी झंडी दिखाई।
- यह कदम पब्लिक ट्रांसपोर्ट सेफ्टी और एक्सेसिबिलिटी को बेहतर बनाने के लिए उठाया गया है।
रूट्स और टाइमिंग की जानकारी
इस पहल में 15 हाई-डमांड रूट्स पर 30 'Ladies Special' ट्रिप्स और 13 रूट्स पर 26 'University Ladies Special' (U-SPL) ट्रिप्स शामिल हैं। ये सेवाएं रेजिडेंशियल इलाकों को बड़े एप्लॉयमेंट हब, कमर्शियल सेंटर और हिंदू, रामजास, दौलत राम, श्री राम, LSR, गार्गी, ARSD व हंसराज कॉलेजों जैसे एजुकेशनल इंस्टीट्यूशंस से जोड़ती हैं। ये बसें पीक आवर्स यानी सुबह 7:52 बजे से सुबह 9:00 बजे तक और शाम 4:32 बजे से शाम 6:15 बजे तक चलती हैं।
मॉडर्न सेफ्टी फीचर्स और स्टाफ
प्रत्येक वाहन में सीसीटीवी सर्विलांस, दिव्यांगों के लिए लो-फ्लोर रैंप और दिल्ली पुलिस के '112' पीसीआर इमरजेंसी रिस्पॉन्स सिस्टम से जुड़े पैनिक बटन जैसे मॉडर्न सेफ्टी फीचर्स दिए गए हैं। संचालन महिला स्टाफ द्वारा किया जाता है, जिसमें बोर्ड पर महिला पुलिस कर्मियों और होम गार्ड मार्शलों द्वारा अतिरिक्त सुरक्षा प्रदान की जाती है। ये सेवाएं 'Pink Saheli' स्मार्ट कार्ड सिस्टम के साथ पूरी तरह इंटीग्रेटेड हैं, जो योग्य महिलाओं के लिए मुफ्त और कैशलेस यात्रा की सुविधा देती है; अब तक लगभग 18 लाख कार्ड बांटे जा चुके हैं। पेपर-आधारित पिंक टिकट सुविधा 31 अगस्त 2026 तक वैलिड है, जिसके बाद स्मार्ट कार्ड अनिवार्य हो जाएगा।
बसों की कुल संख्या और अधिकारियों के बयान
चीफ मिनिस्टर रेखा गुप्ता ने बताया कि इस विस्तार से 28 साल के अंतराल के बाद यूनिवर्सिटी-स्पेशिफिक बस सेवाएं वापस आई हैं। लेफ्टिनेंट गवर्नर तरनजीत सिंह संधू ने कहा कि यह कदम vehicular pollution से निपटने के लिए ग्रीन और सस्टेनेबल ट्रांसपोर्ट को बढ़ावा देता है। ट्रांसपोर्ट मिनिस्टर पंकज सिंह ने इस लॉन्च को रक्षाबंधन के लिए एक स्पेशल गिफ्ट बताया, जिसका उद्देश्य महिला यात्रियों को सशक्त बनाना है। नई 200 बसों के जुड़ने से दिल्ली का कुल इलेक्ट्रिक बस बेड़ा 5,000 यूनिट से अधिक हो गया है, जिससे कुल सिटी बस बेड़ा लगभग 6,800 वाहन हो गया है।