गर्मियों में पानी की किल्लत होगी दूर, दिल्ली सरकार और DJB का बड़ा प्लान
गर्मियों में 250 MGD की पानी की कमी को पूरा करने के लिए दिल्ली सरकार और DJB ला रहे हैं आधुनिक ट्रीटमेंट तकनीक और नए ट्यूबवेल।

दिल्ली में हर साल गर्मियों के आते ही पानी की भारी किल्लत हो जाती है। इस समस्या से निपटने के लिए मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता के नेतृत्व में दिल्ली सरकार और दिल्ली जल बोर्ड (DJB) ने एक खास रणनीति तैयार की है। शहर में गर्मियों के दौरान रोजाना करीब 250 मिलियन गैलन प्रति दिन (MGD) पानी की कमी हो जाती है, जिसे पूरा करने के लिए अब आधुनिक तकनीकों का सहारा लिया जाएगा।
सरकार का मुख्य फोकस अब दूषित भूजल (groundwater) को साफ करके उसे पीने लायक बनाने पर है। इसके लिए दिल्ली जल बोर्ड ने निजी कंपनियों और रिसर्च संस्थानों से प्रस्ताव मांगे हैं, ताकि पानी को शुद्ध करने के लिए सबसे उन्नत ट्रीटमेंट टेक्नोलॉजी का इस्तेमाल किया जा सके।
इंफ्रास्ट्रक्चर में होगा बड़ा बदलाव
पानी की सप्लाई को बेहतर बनाने के लिए प्रशासन ने कई अहम कदम उठाने का फैसला किया है। इस योजना के तहत शहर के अलग-अलग हिस्सों में 300 से 400 नए ट्यूबवेल लगाए जा सकते हैं। इसके अलावा, नजफगढ़ ड्रेन के आसपास के भूजल की सफाई करने का प्रस्ताव है और उझवा जलाशय के पास एक नया ट्रीटमेंट यूनिट बनाने की तैयारी है।
यह पूरी कवायद सरकार के उस बड़े 'जल मास्टर प्लान' का हिस्सा है, जिसके लिए 56,000 करोड़ रुपये का बजट तय किया गया है। हालांकि, इन उपायों से आम जनता को कितनी राहत मिलेगी, यह इस बात पर निर्भर करेगा कि चुनी गई तकनीक कितनी कारगर साबित होती है और इन योजनाओं को कितनी तेजी से जमीन पर उतारा जाता है।