फ्लाईओवरों के नीचे अब नहीं दिखेगी गंदगी, दिल्ली सरकार और कंपनियों ने मिलाया हाथ
दिल्ली सरकार और बड़ी कंपनियों ने मिलकर फ्लाईओवरों के नीचे की गंदगी मिटाकर उन्हें खूबसूरत बनाने का प्लान तैयार किया है।

दिल्ली की सड़कों पर चलते हुए आपने अक्सर देखा होगा कि फ्लाईओवरों के नीचे का हिस्सा अंधेरे, कूड़े-कचरे और असामाजिक तत्वों का अड्डा बना रहता है। लेकिन अब दिल्ली की तस्वीर बदलने वाली है। दिल्ली के मंत्री परवेश वर्मा ने बताया कि सरकार अब राष्ट्रीय स्तर की बड़ी कंपनियों के साथ मिलकर इन जगहों का कायाकल्प कर रही है। फ्लाईओवरों के नीचे सौंदर्यीकरण के लिए कंपनियों के सीएसआर (CSR) फंड का इस्तेमाल किया जा रहा है, ताकि शहर को एक नया और साफ-सुथरा लुक दिया जा सके।
मंत्री परवेश वर्मा ने साझा किया कि पहले ये इलाके काफी बदहाल थे, जहाँ गंदगी और अंधेरे के कारण भिखारी और असामाजिक तत्व जमा हो जाते थे। इस समस्या को जड़ से खत्म करने के लिए सरकार ने कंपनियों के साथ एमओयू (MoU) साइन किए हैं। खास बात यह है कि इन समझौतों में केवल निर्माण ही नहीं, बल्कि अगले 2 से 3 साल तक इन जगहों के रखरखाव (Maintenance) की जिम्मेदारी भी तय की गई है, ताकि ये जगहें दोबारा गंदी न हों।
अलग-अलग थीम्स से सजेगा दिल्ली का कोना-कोना
इस प्रोजेक्ट की सबसे दिलचस्प बात इसकी 'थीम' है। मंत्री ने बताया कि इंडियन ऑयल ने पांच फ्लाईओवरों की जिम्मेदारी ली है। हर जगह को उसके आसपास के माहौल के हिसाब से एक खास थीम दी जा रही है। उदाहरण के तौर पर, किसी जगह पर 'वन्यजीव' (Wildlife) की थीम होगी, तो कहीं 'विज्ञान और तकनीक' (Science and Technology) पर फोकस किया जाएगा। इससे दिल्लीवासियों को न केवल सुंदरता दिखेगी, बल्कि उन्हें कुछ नया सीखने और देखने को भी मिलेगा।
परवेश वर्मा ने कहा कि एक खूबसूरत वातावरण इंसान के उत्साह और मानसिक स्थिति को बेहतर बनाता है। इसी सोच के साथ पीडब्ल्यूडी (PWD) विभाग और सरकार दिन-रात काम कर रहे हैं। उन्होंने इस मुहिम में साथ देने वाली सभी कॉर्पोरेट कंपनियों का आभार जताया और कहा कि यह सामूहिक प्रयास दिल्ली के शहरी परिवेश को बदलने में मददगार साबित होगा।