त्योहारों से पहले दिल्ली डिस्कॉम्स की बड़ी चेतावनी, बिजली लाइनों के पास भूलकर भी न उड़ाएं पतंग

दिल्ली की पावर डिस्ट्रीब्यूशन कंपनियों (BSES और Tata Power Delhi Distribution Limited - TPDDL) ने 11 अगस्त 2026 को स्वतंत्रता दिवस और रक्षाबंधन के त्योहारों से ठीक पहले एक जरूरी एडवाइजरी जारी की है। इस चेतावनी में निवासियों से अपील की गई है कि वे बिजली के तारों और उपकरणों के पास पतंग बिल्कुल न उड़ाएं।
दिल्ली डिस्कॉम्स की इस एडवाइजरी में मुख्य बातें इस प्रकार हैं:
- धातु लेपित यानी मेटल-कोटेड 'मांझा' बिजली का सुचालक होता है, जिससे करंट लगने और पावर-लाइन ट्रिप होने का गंभीर खतरा रहता है।
- मेटल-कोटेड मांझा के बिजली की तारों के संपर्क में आने से जानलेवा करंट, बिजली के झटके और भारी उपकरण नुकसान हो सकते हैं।
- एक 33/66 केवी ओवरहेड लाइन के ट्रिप होने से 10,000 से अधिक लोगों की बिजली कट सकती है, जबकि 11 केवी लाइन से 2,500 से ज्यादा लोग प्रभावित होते हैं।
- BSES ने अपनी ऑपरेशंस और मेंटेनेंस टीमों को हाई अलर्ट पर रखा है, और TPDDL लगभग 200,000 घरों तक जागरूकता अभियान चला रहा है।
पावर सप्लाई और सुरक्षा पर मंडराता खतरा
डिस्कॉम अधिकारियों ने साफ तौर पर कहा है कि मेटल-कोटेड पतंग के धागे (मांझा) से सुरक्षा को लेकर भारी जोखिम पैदा होता है। इस तरह की घटनाओं से व्यक्तिगत सुरक्षा को खतरा होने के साथ-साथ बड़े पैमाने पर बिजली की आपूर्ति बाधित होती है। हर साल पतंग उड़ाने से जुड़े बिजली गुल होने के कई मामले सामने आते हैं। एक ही 33/66 केवी ओवरहेड लाइन के ट्रिप होने से 10,000 से अधिक निवासियों की बिजली कट सकती है, जबकि 11 केवी लाइन के ट्रिप होने से 2,500 से ज्यादा उपभोक्ता प्रभावित होते हैं।
कंपनियों के जागरूकता अभियान और जरूरी निर्देश
इन खतरों को देखते हुए BSES और TPDDL ने अपने जागरूकता अभियानों को और तेज कर दिया है। BSES ने किसी भी संभावित आपात स्थिति से निपटने के लिए अपनी ऑपरेशंस और मेंटेनेंस टीमों को हाई अलर्ट पर रखा है। वहीं, TPDDL संवेदनशील इलाकों में लगभग 200,000 घरों तक पहुंच रहा है। इसके तहत सुरक्षा पर्चे बांटे जा रहे हैं, एफएम रेडियो पर कैंपेन चलाए जा रहे हैं और स्कूलों में विशेष जागरूकता सत्र आयोजित किए जा रहे हैं।
सुरक्षा के लिए क्या करें और क्या न करें
जारी की गई एडवाइजरी में लोगों को कुछ खास सावधानियां बरतने की सलाह दी गई है। अधिकारियों ने केवल सूती या अन्य प्राकृतिक फाइबर वाले पतंग के धागे का उपयोग करने की जोरदार सिफारिश की है। इसके अलावा, पतंगों को हमेशा बिजली लाइनों और विद्युत प्रतिष्ठानों से बहुत दूर उड़ाना चाहिए। बच्चों को पतंग निकालने के लिए प्रतिबंधित बिजली क्षेत्रों में जाने से रोकने की भी सख्त हिदायत दी गई है। सुरक्षा से जुड़ी ऐसी चेतावनी पिछले वर्षों में भी लगातार जारी की जाती रही हैं, जो इस सुरक्षा चिंता को दर्शाती हैं।