दिल्ली सरकार का बड़ा फैसला: 16 साल बाद डिजास्टर मैनेजमेंट अधिकारियों की सैलरी में 100 प्रतिशत तक की बढ़ोतरी

दिल्ली सरकार ने Delhi State Disaster Management Authority (DSDMA) के तहत काम करने वाले अधिकारियों की सैलरी में भारी बढ़ोतरी को मंजूरी दे दी है। यह फैसला 2 अगस्त 2026 को लिया गया है, जिससे 16 साल बाद इन कर्मचारियों की सैलरी में संशोधन हुआ है। साल 2009 में इन पदों के बनने के बाद से इनकी सैलरी में कोई बदलाव नहीं हुआ था। दिल्ली सरकार के इस कदम से DSDMA के अधिकारियों को 100 प्रतिशत तक की सैलरी हाइक मिलेगी।
- DSDMA अधिकारियों की सैलरी में 16 साल बाद बदलाव हुआ है।
- यह फैसला 2 अगस्त 2026 को मंजूर किया गया।
- सैलरी में 100 प्रतिशत तक की बढ़ोतरी की गई है।
सैलरी बढ़ोतरी और अधिकारियों की भूमिका
मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता ने इस सैलरी बढ़ोतरी को अनुग्रह लाभ (ex-gratia benefit) के बजाय "न्याय देने का लंबे समय से लंबित उपाय" बताया है। उन्होंने जोर देकर कहा कि Project Officers, District Project Officers और Project Coordinators सहित DSDMA अधिकारियों ने दिल्ली की आपदा प्रबंधन प्रणाली की "रीढ़" के रूप में काम किया है। पिछले 16 वर्षों में इन अधिकारियों को बढ़ती महंगाई और जटिल आपदा प्रबंधन चुनौतियों के कारण काफी बढ़ी हुई जिम्मेदारियों का सामना करना पड़ा है। पहले Project Officers और District Project Officers को 25,000 रुपये प्रति माह फिक्स सैलरी मिलती थी, जबकि Project Coordinators को 20,000 रुपये मिलते थे।
वेतन संरचना और आपातकालीन कार्य
सरकार ने बताया कि इन पदों को कभी भी नियमित सरकारी वेतनमान या समकक्ष वेतन श्रेणी से नहीं जोड़ा गया था, जिसका मतलब था कि अन्य सरकारी कर्मचारियों के विपरीत, इन कर्मचारियों को समय-समय पर वेतन संशोधन या Dearness Allowance नहीं मिला। DSDMA कर्मी आपात स्थिति के दौरान National Disaster Response Force (NDRF), State Disaster Response Force (SDRF), Delhi Fire Services, Police और Health Department जैसी विभिन्न एजेंसियों के साथ समन्वय करने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाते हैं। दिल्ली सरकार ने यह भी संकेत दिया है कि वह इन आवश्यक अधिकारियों के लिए performance-based incentives सहित भविष्य के कल्याणकारी उपायों पर विचार करेगी।