सरकारी अधिकारियों पर टिप्पणी मामला: CM रेखा गुप्ता से स्टेटस रिपोर्ट तलब, दिल्ली कोर्ट सख्त

दिल्ली की एक अदालत ने मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता के खिलाफ दर्ज एक शिकायत पर कड़ा रुख अपनाते हुए पुलिस से स्टेटस रिपोर्ट मांगी है। यह पूरा विवाद मुख्यमंत्री द्वारा एक सार्वजनिक कार्यक्रम के दौरान सरकारी अधिकारियों के कामकाज को लेकर की गई एक टिप्पणी से जुड़ा है, जिसे शिकायतकर्ता ने आपत्तिजनक माना है।
मामला 23 सितंबर 2025 का है, जब कश्मीरी गेट ISBT पर दिल्ली और उत्तर प्रदेश के बड़ौत के बीच DTC की अंतरराज्यीय एसी बस सेवा का शुभारंभ किया जा रहा था। इस सरकारी कार्यक्रम के दौरान मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता ने अधिकारियों के काम करने के तरीके पर तंज कसते हुए उनकी तुलना भगवान हनुमान से कर दी थी।
क्या था वह विवादित बयान?
शिकायत के मुताबिक, मुख्यमंत्री ने अधिकारियों और जनता को संबोधित करते हुए कहा था, "हमारे दिल्ली सरकार के अधिकारी सब हनुमान जैसे हैं। ये हनुमान तभी कड़ी मेहनत करते हैं जब उनकी पूंछ में आग लगती है, उससे पहले वे सब भूल जाते हैं।"
राम निवास शर्मा नामक व्यक्ति ने इस बयान के खिलाफ अदालत का दरवाजा खटखटाया। शिकायतकर्ता का तर्क है कि एक आधिकारिक सरकारी कार्यक्रम में, जहां अधिकारी और आम जनता मौजूद थी, वहां इस तरह की टिप्पणी करना उचित नहीं था। यह शिकायत भारतीय नागरिक सुरक्षा संहिता (BNSS), 2023 की धारा 223 और धारा 175(3) के तहत दर्ज कराई गई है।
एसीजेएम-04 (RACC), नई दिल्ली, अश्वनी पंवार ने मामले की सुनवाई के बाद कश्मीरी गेट पुलिस स्टेशन के एसएचओ (SHO) को निर्देश दिया है कि वे इस मामले में विस्तृत स्टेटस रिपोर्ट पेश करें। हालांकि, अदालत ने अभी तक मुख्यमंत्री के खिलाफ किसी भी आरोप पर कोई अंतिम फैसला नहीं सुनाया है और केवल पुलिस रिपोर्ट मांगी है। अब इस मामले की अगली सुनवाई 15 अक्टूबर 2026 को सुबह 11:30 बजे तय की गई है।