दिल्ली में 11,427 करोड़ रुपये की बड़ी जल परियोजना का ऐलान, 24 घंटे मिलेगा पानी

दिल्ली की मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता ने पश्चिमी और दक्षिण-पश्चिम दिल्ली के लिए 11,427 करोड़ रुपये की एक बड़ी जल सुधार परियोजना की घोषणा की है। इस योजना का विवरण 25 अगस्त से 26 अगस्त 2026 के बीच सामने आया, जिसका उद्देश्य 20 विधानसभा क्षेत्रों के लगभग 36.4 लाख लोगों को 24 घंटे पानी की आपूर्ति देना है। इस परियोजना के तहत भूमिगत जलाशयों का निर्माण और 3,830 किलोमीटर लंबी पानी की पाइपलाइन का नेटवर्क बिछाया जाएगा। इस परियोजना की फंडिंग संरचना में 25 प्रतिशत केंद्र सरकार, 25 प्रतिशत दिल्ली सरकार और 50 प्रतिशत हिस्सा अर्बन चैलेंज फंड के माध्यम से ऋण या सार्वजनिक-निजी भागीदारी मॉडल से जुटाया जाएगा। इसका मुख्य उद्देश्य गंदे पानी की समस्या को खत्म करना, भरोसेमंद आपूर्ति देना और स्मार्ट मीटर तथा रियल-टाइम मॉनिटरिंग की मदद से गैर-राजस्व पानी को 15 प्रतिशत से कम करना है। घोषणा के दौरान कैबिनेट मंत्री प्रवेश वर्मा भी मौजूद थे। पश्चिमी दिल्ली की परियोजना की कुल लागत 4,330.72 करोड़ रुपये है, जो 89.70 वर्ग किलोमीटर क्षेत्र को कवर करती है और 1,447 किलोमीटर के नेटवर्क के जरिए 14.16 लाख लोगों को सेवा देगी। दक्षिण-पश्चिम दिल्ली की परियोजना की कीमत 7,096.35 करोड़ रुपये है, जो 273.50 वर्ग किलोमीटर क्षेत्र में फैली है और 2,383 किलोमीटर के नेटवर्क के माध्यम से 22.23 लाख लोगों को लाभ पहुंचाएगी। इस दौरान अन्य बुनियादी ढांचा विकास कार्यों के तहत, दिल्ली जल बोर्ड ने शहरभर में सुधार के लिए एशियाई विकास बैंक से 2,500 करोड़ रुपये का ऋण लिया है। इसके अलावा, बोर्ड ने वज़ीराबाद कमांड क्षेत्र को आधुनिक बनाने के लिए 1,741 करोड़ रुपये की परियोजनाओं को मंजूरी दी है, जिसमें 836 किलोमीटर का नेटवर्क और 2,15,000 घरेलू कनेक्शन शामिल हैं। दिल्ली सरकार ने 28 विकेंद्रीकृत सीवेज उपचार संयंत्रों के लिए ,990 करोड़ रुपये और मौजूदा संयंत्रों को अपग्रेड करने के लिए 1,090 करोड़ रुपये के वर्क ऑर्डर जारी किए हैं। इसके साथ ही, 5.15 लाख घरेलू और 15,796 वाणिज्यिक उपभोक्ताओं को राहत देने के लिए लेट पेमेंट सरचार्ज माफी योजना को बढ़ा दिया गया है, और अनधिकृत पानी के कनेक्शन को नियमित करने की योजना 31 मार्च 2027 तक लागू रहेगी।