दिल्ली में 211 दिन रही साफ हवा, टूटा कई सालों का रिकॉर्ड

राजधानी दिल्ली के लिए एक बड़ी खुशखबरी सामने आई है। दिल्ली ने पर्यावरण के मोर्चे पर एक बड़ी उपलब्धि हासिल की है। 17 अक्टूबर 2026 तक शहर में 211 दिन 'अच्छी, संतोषजनक और मध्यम' वायु गुणवत्ता (AQI) दर्ज की गई है। यह आंकड़ा साल 2016 के बाद का सबसे बेहतरीन रिकॉर्ड है, अगर हम महामारी वाले साल 2020 को छोड़ दें।
दिल्ली के पर्यावरण मंत्री मंजिंदर सिंह सिरसा ने इस कामयाबी का ऐलान किया। उन्होंने बताया कि मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता की सरकार के परिणामोन्मुखी दृष्टिकोण और स्थानीय एजेंसियों, संस्थानों और आम जनता के साझा प्रयासों की वजह से यह मुमकिन हो पाया है। सरकारी आंकड़ों पर नजर डालें तो प्रदूषण के खतरनाक स्तर में भारी गिरावट आई है। जहां 2016 में 'खराब, बहुत खराब और गंभीर' हवा वाले 168 दिन थे, वहीं अक्टूबर 2026 तक यह संख्या घटकर केवल 79 दिन रह गई है।
'क्लीन एयर, हेल्दी दिल्ली' प्रोजेक्ट का असर
हवा की गुणवत्ता में इस सुधार के पीछे 'क्लीन एयर, हेल्दी दिल्ली' प्रोजेक्ट का बड़ा हाथ है। यह सात साल का एक महत्वाकांक्षी प्रोजेक्ट है, जिस पर 8300 करोड़ रुपये खर्च किए जा रहे हैं और इसका 65% फंड वर्ल्ड बैंक दे रहा है। प्रदूषण को रोकने के लिए दिल्ली प्रदूषण नियंत्रण समिति (DPCC), परिवहन विभाग, PWD, दिल्ली नगर निगम और दिल्ली ट्रैफिक पुलिस जैसी एजेंसियां पूरी सख्ती से काम कर रही हैं।
हाल ही में 14 अक्टूबर 2026 को केंद्रीय पर्यावरण मंत्री भूपेंद्र यादव और मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता ने प्रदूषण से लड़ने की तैयारी को और मजबूत किया। इस दौरान 13 नए एयर क्वालिटी मॉनिटरिंग स्टेशन, 150 इलेक्ट्रिक बसें और चार हाई-कैपेसिटी चार्जिंग स्टेशन शुरू किए गए।
हालांकि, रिकॉर्ड टूटने की खुशी के बीच सर्दियों की चुनौती अभी बाकी है। 16 अक्टूबर को बारिश की वजह से AQI गिरकर 66 तक आ गया था, लेकिन अगले ही दिन यानी 17 अक्टूबर की सुबह 10:31 बजे तक यह फिर से बढ़कर 216 पर पहुंच गया। मौसम विभाग (IMD) के मुताबिक, 22 अक्टूबर तक बारिश की कोई संभावना नहीं है, जिससे हवा में प्रदूषकों के जमा होने का खतरा है।
वायु गुणवत्ता प्रबंधन आयोग (CAQM) पराली जलाने जैसी समस्याओं पर नजर रख रहा है और अन्य संस्थाओं के साथ मिलकर कार्रवाई कर रहा है। मंत्री सिरसा ने भरोसा दिलाया है कि सर्दियों के मौसम में भी सघन निगरानी, सख्त प्रवर्तन और जन जागरूकता अभियानों को जारी रखा जाएगा ताकि दिल्ली की हवा साफ बनी रहे।