दिल्ली विधानसभा में स्लम रिहैबिलिटेशन, राइट टू सर्विस और हॉस्पिटैलिटी पॉलिसी पर होगी चर्चा

Kittu Kumari7 August 20261 min read39 viewsDelhi Local
दिल्ली विधानसभा में स्लम रिहैबिलिटेशन, राइट टू सर्विस और हॉस्पिटैलिटी पॉलिसी पर होगी चर्चा

दिल्ली विधानसभा के वर्तमान सत्र के दौरान कई महत्वपूर्ण पब्लिक वेलफेयर बिल्स और प्रस्तावों पर विचार किया जाएगा, जिसकी घोषणा 7 अगस्त 2026 के ऑफिशियल ट्वीट्स के जरिए की गई। इन लेजिस्लेटिव पहलों का उद्देश्य राजधानी भर में हाउसिंग, गवर्नेंस एफिशिएंसी और पब्लिक सेफ्टी से जुड़े मुद्दों को हल करना है।

  • स्लम रिहैबिलिटेशन की कट-ऑफ डेट 2015 से बढ़ाकर 1 जनवरी 2025 करने का प्रस्ताव।
  • समय पर सरकारी सेवाएं देने के लिए नया Right to Service Act लाया जाएगा।
  • मौजूदा Bed & Breakfast Scheme को खत्म कर नई और सुरक्षित प्रणाली लाई जाएगी।
  • स्लम रिहैबिलिटेशन और कट-ऑफ डेट में बदलाव

    प्रमुख प्रस्तावों में स्लम रिहैबिलिटेशन के लिए एलिजिबिलिटी कट-ऑफ डेट को 2015 से बढ़ाकर 1 जनवरी 2025 करने का बिल शामिल है। इस बदलाव से दिल्ली की झुग्गियों में रहने वाले लगभग 99% एलिजिबल परिवारों को फायदा मिलने का अनुमान है, जिससे उन्हें परमानेंट हाउसिंग मिल सकेगी।

    Right to Service Act और जवाबदेही

    इसके अलावा, दिल्ली के हर नागरिक को समय पर सरकारी सेवाएं मिलना सुनिश्चित करने के लिए एक नया Right to Service Act लाया जा रहा है। इस प्रपोज्ड एक्ट में तय समय सीमा के भीतर सेवाएं देने में असफल रहने वाले अधिकारियों के खिलाफ पेनल्टी और जुर्माने का प्रावधान है, जिसका उद्देश्य जवाबदेही और पब्लिक सर्विस डिलीवरी को बेहतर बनाना है।

    नई हॉस्पिटैलिटी पॉलिसी और सुरक्षा

    विधानसभा मौजूदा Bed & Breakfast Scheme को समाप्त करने के प्रस्ताव की भी समीक्षा करेगी। इसे दिल्ली की विशेष जरूरतों के अनुसार तैयार की गई एक नई, अधिक सुरक्षित और प्रभावी प्रणाली से बदला जाना है, जिसका मुख्य उद्देश्य नागरिक सुरक्षा और ओवरऑल अर्बन मैनेजमेंट दोनों को मजबूत करना है।

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