दिवाली से पहले दिल्ली की हवा हुई जहरीली, AQI 451 पार कर 'गंभीर' श्रेणी में पहुंचा
दिल्ली की हवा जहरीली हुई, AQI 451 के पार। GRAP-2 लागू होने के बाद गाजीपुर बॉर्डर पर चेकिंग और सड़कों पर छिड़काव शुरू।

राजधानी दिल्ली में दिवाली का त्योहार आने से पहले ही प्रदूषण ने विकराल रूप ले लिया है। मंगलवार सुबह 8 बजे दिल्ली का ओवरऑल दिल्ली AQI लेवल 451 दर्ज किया गया, जो हवा की गुणवत्ता को 'गंभीर' और खतरनाक श्रेणी में खड़ा करता है। सेंट्रल पॉल्यूशन कंट्रोल बोर्ड (CPCB) के आंकड़ों ने एक बार फिर शहरवासियों की चिंता बढ़ा दी है, क्योंकि कई इलाकों में सांस लेना दूभर हो गया है।
शहर के अलग-अलग हिस्सों की बात करें तो रोहिणी में AQI 429, पंजाबी बाग में 424 और बवाना में 408 रहा, जिससे ये इलाके गंभीर श्रेणी में आ गए हैं। वहीं पटपड़गंज (379), आर के पुरम (374), आईटीओ (373), ओखला फेज-2 (352), चांदनी चौक (352), जवाहरलाल नेहरू स्टेडियम (355) और जेएनयू (328) जैसे क्षेत्रों में हवा की स्थिति 'बहुत खराब' बनी हुई है। हालांकि, इंदिरा गांधी इंटरनेशनल एयरपोर्ट के टर्मिनल 3 (287) और आनंद विहार (279) जैसे कुछ इलाकों में प्रदूषण का स्तर तुलनात्मक रूप से कम यानी 'खराब' श्रेणी में दर्ज किया गया है।
GRAP-II लागू: सड़कों पर छिड़काव और गाड़ियों की चेकिंग तेज
प्रदूषण के बढ़ते स्तर को देखते हुए कमीशन फॉर एयर क्वालिटी मैनेजमेंट (CAQM) ने पूरे एनसीआर में GRAP-II (स्टेज-2) को तत्काल प्रभाव से लागू कर दिया है। इसके तहत दिल्ली पुलिस ने गाजीपुर बॉर्डर पर सघन चेकिंग अभियान चलाया है ताकि वाहनों के प्रवेश पर लगी पाबंदियों का सख्ती से पालन हो सके।
प्रशासन ने अब दिल्ली, हरियाणा, उत्तर प्रदेश और राजस्थान में नगर निगमों, ट्रैफिक पुलिस और प्रदूषण नियंत्रण बोर्डों को कड़े निर्देश दिए हैं। अब भारी ट्रैफिक वाले रास्तों और भीड़भाड़ वाले इलाकों में रोजाना मैकेनिकल या वैक्यूम स्वीपिंग की जाएगी और धूल को दबाने वाले रसायनों के साथ पानी का छिड़काव किया जाएगा। इसके अलावा, एनसीआर के प्रदूषण हॉटस्पॉट्स और निर्माण कार्यों (C&D) वाली साइटों पर भी कड़ी निगरानी रखी जा रही है ताकि प्रदूषण को और बढ़ने से रोका जा सके।