चक्रवात अर्नब का खतरा: 14 राज्यों में अलर्ट, आंध्र प्रदेश तट पर टकरा सकता है तूफान
बंगाल की खाड़ी में चक्रवात अर्नब गहरा रहा है। IMD ने 14 राज्यों में अलर्ट जारी किया है और मछुआरों को समुद्र में न जाने की सलाह दी है।

बंगाल की खाड़ी में सक्रिय चक्रवाती सिस्टम अब और गहराता जा रहा है, जिसे बांग्लादेश ने 'अर्नब' नाम दिया है। भारतीय मौसम विज्ञान विभाग (IMD) ने इस तूफान की गंभीरता को देखते हुए देश के 14 राज्यों में अलर्ट जारी किया है। मौसम विभाग के अनुसार, यह सिस्टम अब एक डिप्रेशन से बदलकर चक्रवाती तूफान का रूप ले रहा है, जिससे तटीय इलाकों में भारी तबाही की आशंका है।
अनुमान लगाया जा रहा है कि 28 अक्टूबर, 2026 की दोपहर तक यह तूफान आंध्र प्रदेश और यनम तट के बापटला और विशाखापट्टनम के बीच टकरा सकता है। लैंडफॉल के समय हवाओं की रफ्तार बेहद डराने वाली हो सकती है, जिसमें निरंतर गति 115 से 125 किलोमीटर प्रति घंटे और झोंके 140 किलोमीटर प्रति घंटे तक पहुंचने की संभावना है। खतरे को देखते हुए IMD ने मछुआरों को सख्त हिदायत दी है कि वे 29 अक्टूबर तक समुद्र में न जाएं।
ओडिशा में हाई अलर्ट, रेस्क्यू टीमें तैनात
तूफान के संभावित प्रभाव को कम करने के लिए ओडिशा सरकार ने कमर कस ली है। मुख्यमंत्री मोहन चरण माझी ने पुष्टि की है कि राज्य के सभी संबंधित विभाग स्टैंडबाय पर हैं। आपदा प्रबंधन कर्मियों की छुट्टियां रद्द कर दी गई हैं ताकि किसी भी आपात स्थिति से निपटा जा सके। राज्य सरकार ने NDRF और ODRAF सहित कुल 225 बचाव दलों को तैनात किया है।
एक तरफ जहां दक्षिण और पूर्वी भारत तूफान की मार झेलने की तैयारी कर रहे हैं, वहीं उत्तर भारत में मौसम का मिजाज बदल रहा है। IMD के मुताबिक, ऊंचे पहाड़ी इलाकों में बर्फबारी होने के कारण दिल्ली-NCR, उत्तर प्रदेश और बिहार में तापमान में गिरावट दर्ज की गई है, जिससे इन राज्यों में ठंड की शुरुआत हो गई है।