मंदिर पुजारियों पर विवादित टिप्पणी: AISA अध्यक्ष नेहा बोरा के खिलाफ वकील ने दर्ज कराई शिकायत
वकील अमिता सचदेवा ने AISA अध्यक्ष नेहा बोरा के खिलाफ मंदिर पुजारियों पर विवादित टिप्पणी के लिए पुलिस में शिकायत दर्ज कराई है।

दिल्ली की एक वकील ने ऑल इंडिया स्टूडेंट्स एसोसिएशन (AISA) की अध्यक्ष नेहा बोरा के खिलाफ पुलिस में शिकायत दर्ज कराई है। यह मामला नेहा बोरा द्वारा ब्राह्मण महिलाओं और मंदिर के पुजारियों को लेकर की गई एक विवादित टिप्पणी से जुड़ा है। शिकायतकर्ता अमिता सचदेवा का आरोप है कि इस तरह के बयानों से समाज के विभिन्न समूहों के बीच नफरत और वैमनस्य बढ़ता है।
अमिता सचदेवा ने भारतीय न्याय संहिता (BNS) की धारा 196 के तहत यह शिकायत दर्ज कराई है। उन्होंने स्पष्ट किया कि अगर दिल्ली पुलिस इस मामले में उचित कार्रवाई नहीं करती है, तो वह FIR दर्ज कराने के लिए BNSS की धारा 175(3) के तहत अदालत का दरवाजा खटखटाएंगी। उन्होंने कहा कि नेहा बोरा के इस दावे कि ब्राह्मण महिलाएं 'ब्राह्मणवाद' के तहत असुरक्षित हैं, की वह कड़ी निंदा करती हैं।
विवाद की जड़ और राजनीतिक प्रतिक्रिया
यह पूरा विवाद 2 नवंबर को सोशल मीडिया पर वायरल हुए एक पुराने वीडियो के बाद शुरू हुआ। इस वीडियो में नेहा बोरा ने मंदिर परिसर के भीतर ब्राह्मण महिलाओं की सुरक्षा पर सवाल उठाए थे और पुजारियों द्वारा बलात्कार जैसे गंभीर आरोप लगाए थे। उन्होंने उन्नाव और कठुआ जैसी घटनाओं का जिक्र करते हुए कहा था कि सुरक्षा की जरूरत खुद इस व्यवस्था से है।
इस वीडियो को भाजपा नेता प्रदीप भंडारी ने एक्स (X) पर साझा किया, जिसमें उन्होंने नेहा बोरा के बयानों की आलोचना की और इसे हिंदू विरोधी मानसिकता करार दिया। उन्होंने इन टिप्पणियों को राहुल गांधी की सोच से प्रेरित बताया।
इस मामले पर केंद्रीय मंत्री चिराग पासवान ने भी अपनी प्रतिक्रिया दी। उन्होंने कहा कि हालांकि जाति और धर्म आधारित भेदभाव आज भी मौजूद है, लेकिन राजनीतिक नेताओं को समाज को बांटने के बजाय जोड़ने वाले उदाहरण पेश करने चाहिए। पासवान ने नेहा बोरा के बोलने के तरीके को आपत्तिजनक बताते हुए इसे 'विभाजन की राजनीति' करार दिया।
फिलहाल, पुलिस ने शिकायतकर्ता को आश्वासन दिया है कि वे वरिष्ठ अधिकारियों से परामर्श कर उचित कार्रवाई करेंगे।