Cockroach Janta Party का अगला कदम: Jantar Mantar विरोध के बाद अब Punjab Paper Leak पर नजर

दिल्ली के जंतर-मंतर पर 37 दिनों तक चले विरोध प्रदर्शन के बाद 'Cockroach Janta Party' (CJP) अब अपनी अगली रणनीति तैयार कर रही है। पार्टी के संस्थापक अभिजीत दिपके ने बताया कि सरकार के साथ उनकी बातचीत सकारात्मक रही है।
• विरोध 25 जुलाई 2026 को समाप्त हुआ।
• सरकार ने NEET पेपर लीक के बाद जान गंवाने वाले छात्रों के परिवारों को मुआवजा देने पर सहमति जताई है।
• प्रदर्शनकारियों पर दर्ज FIR वापस लेने पर सरकार के साथ बातचीत जारी है।
अगली रणनीति और सरकार से बातचीत
दिल्ली में हुए लंबे विरोध प्रदर्शन के बाद अभिजीत दिपके ने कहा कि पार्टी अभी अपनी आगे की योजना बना रही है। उन्होंने साफ किया कि उनकी प्राथमिकता छात्रों पर दर्ज हुई किसी भी FIR को पूरी तरह से हटवाना है। दिपके ने कहा कि अभी विरोध खत्म हुए ज्यादा समय नहीं हुआ है, इसलिए पार्टी जल्द ही अपनी अगली कार्ययोजना का खुलासा करेगी। उन्होंने अपने समर्थकों को भरोसा दिलाया कि यह तो बस शुरुआत है और उन्हें अभी लंबा सफर तय करना है।
Punjab Paper Leak पर पार्टी का रुख
CJP अब पंजाब में कथित पेपर लीक के मुद्दे को उठाने की तैयारी कर रही है। इस पर टिप्पणी करते हुए पंजाब के मुख्यमंत्री भगवंत मान ने कहा कि उनके कार्यकाल में कोई पेपर लीक नहीं हुआ है। उन्होंने पेपर लीक और नकल के मामलों में अंतर स्पष्ट करते हुए कहा कि हाल ही में फार्मेसी परीक्षा में ब्लूटूथ डिवाइस इस्तेमाल करने वाले 21 लोगों को पकड़ा गया है। वहीं, SAD नेता दलजीत सिंह चीमा ने परीक्षा में सुधार के लिए कड़े कदम उठाने की मांग की है। सरकार और CJP के बीच परीक्षा प्रणाली में बड़े सुधारों को लेकर अगले चार हफ्तों में फिर से चर्चा होगी।
युवा आंदोलन और भविष्य की राह
अभिजीत दिपके ने अपने समर्थकों को संदेश देते हुए कहा कि उन्हें किसी हीरो की तरह न देखा जाए, बल्कि ध्यान मुख्य मुद्दों पर ही केंद्रित रखा जाए। उन्होंने मुख्य न्यायाधीश सूर्यकांत की 'कॉकरोच' वाली टिप्पणी को इस युवा आंदोलन के लिए एक महत्वपूर्ण प्रेरणा बताया। टाइफाइड से पीड़ित होने के बावजूद दिपके ने अपने समर्थकों और आलोचकों का धन्यवाद किया और कहा कि वे अब बेहतर महसूस कर रहे हैं। पार्टी का मुख्य उद्देश्य अब देश की परीक्षा प्रणाली में पारदर्शिता लाना है।