जंतर मंतर पर युवाओं का हल्लाबोल: कॉकरोच जनता पार्टी ने दिल्ली पुलिस को दी प्रदर्शन की सूचना

देश की राजधानी दिल्ली में एक बार फिर विरोध प्रदर्शन की सुगबुगाहट तेज हो गई है। कॉकरोच जनता पार्टी (CJP) ने आगामी 10 अक्टूबर को जंतर मंतर पर एक बड़े विरोध प्रदर्शन की योजना बनाई है, जिसमें देश के युवाओं और जेन-जी (Gen Z) की भारी भागीदारी होने की उम्मीद है। इस प्रदर्शन के जरिए पार्टी चुनाव प्रक्रिया और मतदाता सूचियों में सुधार की मांग करेगी।
पार्टी के मुख्य प्रवक्ता सौरव दास ने 7 अक्टूबर को पार्लियामेंट स्ट्रीट पुलिस स्टेशन जाकर दिल्ली पुलिस को औपचारिक रूप से इस प्रदर्शन की सूचना दी है। उन्होंने एक औपचारिक पत्र और अंडरटेकिंग जमा किया, जिसमें स्पष्ट किया गया कि यह प्रदर्शन विशेष रूप से 'स्पेशल इंटेंसिव रिविजन' अभ्यास और चुनाव संबंधी चिंताओं को लेकर किया जा रहा है। हालांकि, दिल्ली पुलिस ने सूचना तो ले ली है, लेकिन अभी तक इस जमावड़े के लिए औपचारिक अनुमति नहीं दी है।
चुनाव आयोग के खिलाफ सख्त तेवर और बड़ी मांगें
इस विरोध प्रदर्शन की नींव 2 अक्टूबर को पार्टी के संस्थापक अभिजीत दिपके ने मुंबई में जुटाई थी। कॉकरोच जनता पार्टी ने अपनी तीन गैर-परक्राम्य (non-negotiable) मांगें रखी हैं। इनमें सबसे प्रमुख मुख्य चुनाव आयुक्त ज्ञानेश कुमार का इस्तीफा है, जिन पर पार्टी ने गंभीर आरोप लगाए हैं। इसके अलावा, पार्टी भारत निर्वाचन आयोग के भीतर व्यापक सुधारों की मांग कर रही है।
पार्टी के सह-संयोजक आशुतोष रंका ने 6 अक्टूबर को साफ कर दिया कि चाहे आधिकारिक अनुमति मिले या न मिले, वे इस प्रदर्शन को आगे बढ़ाएंगे। दूसरी ओर, प्रशासन ने भी अपनी तैयारी पूरी कर ली है। नई दिल्ली जिले में BNSS की धारा 163 लागू कर अनधिकृत जमावड़े पर रोक लगाई गई है। दिल्ली पुलिस ने अगस्त 2026 के नए मानक संचालन प्रक्रिया (SOP) के तहत अपने अधिकारियों को प्रदर्शन के दौरान तटस्थ रहने की सलाह दी है।
तनाव इस बात का भी है कि पार्टी नेतृत्व का दावा है कि महाराष्ट्र में उनके कार्यकर्ताओं पर दिल्ली आने को लेकर पुलिस का दबाव बनाया जा रहा है। वहीं, पुलिस ने 5 अक्टूबर को पत्रकारों के लिए भी गाइडलाइंस जारी की हैं, जिसमें कवरेज के दौरान वैध पहचान पत्र साथ रखने को कहा गया है ताकि सुरक्षा व्यवस्था बनी रहे।