ओखला लैंडफिल साइट पहुंचीं सीएम रेखा गुप्ता, कचरा निस्तारण की प्रगति का लिया जायजा

दिल्ली की मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता ने शनिवार को ओखला लैंडफिल साइट का औचक निरीक्षण किया। इस दौरे का मुख्य उद्देश्य शहर के कचरे के पहाड़ों को खत्म करने की दिशा में हो रही प्रगति की समीक्षा करना और अधिकारियों के साथ भविष्य की कार्ययोजना पर चर्चा करना था। मुख्यमंत्री ने स्पष्ट किया कि प्रशासन इस चुनौती से निपटने के लिए 'मिशन मोड' में काम कर रहा है और टीम दिन-रात जुटी हुई है।
मीडिया से बात करते हुए मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता ने एक बड़ी उपलब्धि साझा की। उन्होंने बताया कि जनवरी 2025 से पहले जमा हुए लगभग सभी पुराने कचरे (लेगेसी वेस्ट) का निस्तारण कर दिया गया है। वर्तमान में साइट पर जो कचरा दिख रहा है, वह जनवरी 2025 के बाद का है, जिसे 24 घंटे के आधार पर प्रोसेस किया जा रहा है।
नए वेस्ट प्रोसेसिंग यूनिट का उद्घाटन
मुख्यमंत्री ने बताया कि सरकार इस समय दो मोर्चों पर काम कर रही है। एक तरफ पिछली सरकारों से मिले पुराने कचरे के ढेर को साफ किया जा रहा है, वहीं दूसरी तरफ रोजाना आने वाले 3,000 से 4,000 मीट्रिक टन ताजे कचरे का तुरंत निस्तारण सुनिश्चित किया जा रहा है। इस भारी मात्रा को संभालने के लिए साइट पर एक नए वेस्ट प्रोसेसिंग यूनिट का उद्घाटन भी किया गया।
यह नई फैसिलिटी न केवल नगर निगम के ताजे कचरे को प्रोसेस करेगी, बल्कि निर्माण और विध्वंस (C&D) से निकलने वाले मलबे का भी कुशलतापूर्वक प्रबंधन करेगी। मुख्यमंत्री ने जोर देकर कहा कि सरकार का लक्ष्य यह सुनिश्चित करना है कि आने वाली पीढ़ियों को कचरे के पहाड़ों की विरासत न मिले।
इसके अलावा, मुख्यमंत्री ने प्रदूषण कम करने के लिए उठाए जा रहे अन्य कदमों का भी जिक्र किया। उन्होंने कहा कि यमुना नदी की सफाई और सड़क बुनियादी ढांचे में सुधार जैसे कार्यों पर भी प्रशासन पूरी सक्रियता से काम कर रहा है ताकि दिल्लीवासियों को एक स्वच्छ और स्वस्थ वातावरण मिल सके।