दिल्ली कैंट थाने में पेश होंगे CJP कार्यकर्ता, एयरपोर्ट से गिरफ्तारी के बाद बढ़ी हलचल

दिल्ली पुलिस की गिरफ्त में आए कॉकरोच जनता पार्टी (CJP) के तीन कार्यकर्ताओं को आज रविवार सुबह दिल्ली कैंट पुलिस स्टेशन में एग्जीक्यूटिव मजिस्ट्रेट के सामने पेश किया जाएगा। इन कार्यकर्ताओं में अभिजीत डिपके, आशुतोष रंका और सौरव दास शामिल हैं। यह पूरी कार्रवाई उस समय शुरू हुई जब ये कार्यकर्ता एक विरोध प्रदर्शन में शामिल होने के लिए दिल्ली पहुंचे थे।
CJP की कानूनी मामलों की प्रमुख रत्ना सिंह ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म X पर जानकारी साझा करते हुए बताया कि दिल्ली पुलिस के एक अधिकारी ने उन्हें इस पेशी के बारे में सूचित किया है। उन्होंने साफ किया कि वह खुद अन्य वकीलों के साथ पुलिस स्टेशन पहुंचेंगी ताकि इन कार्यकर्ताओं का कानूनी प्रतिनिधित्व किया जा सके।
कोर्ट ने खारिज की पुलिस के खिलाफ FIR की अर्जी
इस मामले में एक दिलचस्प मोड़ तब आया जब शनिवार को दिल्ली की एक अदालत ने रत्ना सिंह की ओर से दायर उस आवेदन को खारिज कर दिया, जिसमें पुलिसकर्मियों के खिलाफ FIR या एनसीआर दर्ज करने की मांग की गई थी। चीफ ज्यूडिशियल मजिस्ट्रेट (CJM) अभिनव पांडे ने आवेदन को यह कहते हुए खारिज कर दिया कि इसमें किसी विशिष्ट पुलिस अधिकारी का नाम नहीं दिया गया है और न ही उचित हलफनामा लगाया गया है।
रत्ना सिंह का आरोप था कि उन्हें गलत तरीके से हिरासत में लिया गया ताकि वह मुख्य चुनाव आयुक्त ज्ञानेश कुमार के खिलाफ होने वाले विरोध प्रदर्शन में शामिल न हो सकें। हालांकि, अदालत ने पाया कि आवेदन में कानूनी प्रावधानों का पालन नहीं किया गया है, इसलिए इसे स्वीकार नहीं किया जा सकता।
वहीं, कार्यकर्ता अभिजीत डिपके ने एक वीडियो जारी कर गंभीर आरोप लगाए हैं। उन्होंने दावा किया कि जब उनका विमान मुंबई से दिल्ली उतरा, तो दिल्ली पुलिस के अधिकारी विमान के अंदर ही घुस आए और उन्हें गिरफ्तार कर लिया। डिपके ने इसे 'तानाशाही' करार देते हुए कहा कि शांतिपूर्ण प्रदर्शन करने वालों को अपराधियों की तरह फ्लाइट से उठाया गया।
CJP ने अपने दावों में यह भी कहा कि कंटेंट क्रिएटर ध्रुव राठी को भी हिरासत में लिया गया है। पार्टी का आरोप है कि सरकार युवाओं की आवाज दबाने की कोशिश कर रही है, जो गलत नीतियों पर सवाल उठाते हैं।