CBI ने पंजाब और दिल्ली में बड़े Tech-Support Fraud रैकेट का किया भंडाफोड़, 4 गिरफ्तार

CBI ने पंजाब और दिल्ली में बड़े पैमाने पर चलाए जा रहे Tech-Support Fraud रैकेट का भंडाफोड़ करते हुए 4 मुख्य आरोपियों को गिरफ्तार किया है। यह कार्रवाई 5 और 6 अगस्त 2026 की दरमियानी रात को की गई, जिसमें पंजाब और दिल्ली में कुल 10 ठिकानों पर छापेमारी की गई। गिरफ्तार किए गए आरोपियों में कथित सरगना सौरभ राणा के अलावा इंद्रमोहन सिंह, हरनीत सिंह और जप्परदीप सिंह शामिल हैं। मोहाली में सौरभ राणा के परिसर से एक फर्जी Call Centre भी चलाया जा रहा था।
फर्जी Call Centre के जरिए ठगी का तरीका
यह Syndicate खुद को Microsoft जैसी बड़ी Tech Companies, वित्तीय संस्थानों और कानून प्रवर्तन एजेंसियों का प्रतिनिधि बताता था। ये लोग पीड़ितों को "System Repair" करने के नाम पर पैसे ट्रांसफर करने के लिए गुमराह करते थे। इसके अलावा, पीड़ितों पर गंभीर अपराधों (जैसे बाल पोर्नोग्राफी) में शामिल होने का झूठा आरोप लगाकर उन्हें Cryptocurrency के जरिए फिरौती देने के लिए मजबूर किया जाता था।
USA के नागरिकों को बनाया गया शिकार
इस योजना के मुख्य शिकार USA के नागरिक थे, जिनमें फ्लोरिडा और न्यू जर्जी के निवासी शामिल हैं। फ्लोरिडा के एक निवासी को 2022 में Bitcoin ATM के जरिए $440,000 जमा करने के लिए धोखा दिया गया था, जबकि न्यू जर्जी के निवासी को 2023 में निशाना बनाया गया था। यह Syndicate कंप्यूटर स्क्रीन पर फर्जी Microsoft Toll-Free Numbers वाले पॉप-अप दिखाता था, जिससे पीड़ित इनके फर्जी Call Centre से जुड़ जाते थे।
छापेमारी में बरामद सामान और आगे की कार्रवाई
CBI ने छापेमारी के दौरान 20 से अधिक Mobile Phones, 15 Laptops/Tablets, Hard Disks, Pen Drives, Memory Cards, भारी मात्रा में Cash, आपत्तिजनक दस्तावेज और Crypto Wallets जब्त किए हैं। ठगी गई Cryptocurrency को अमेरिका से बाहर भेजने के लिए कई Crypto Wallets के जरिए रूट किया गया था और बाद में दिल्ली के ऑपरेटरों के माध्यम से इसकी मनी लॉन्ड्रिंग की गई थी। इस मामले की विस्तृत जानकारी NewsOnAir द्वारा दी गई है और इस मामले में आगे की जांच जारी है।