बड़ी खबर: Lok Sabha Secretariat Impersonation Case में 10 साल से फरार आरोपी CBI द्वारा गिरफ्तार

केंद्रीय जांच ब्यूरो (CBI) ने 10 साल से फरार चल रहे एक घोषित अपराधी (proclaimed offender) जितेंद्र पाठक को गिरफ्तार कर लिया है। अधिकारियों से बचने के लिए यह आरोपी लंबे समय से छिप रहा था।
• कब और कहां हुई गिरफ्तारी: आरोपी जितेंद्र पाठक को 19 अगस्त 2026 को पंजाब के लुधियाना में पकड़ा गया।
• गिरफ्तारी का तरीका: यह कार्रवाई टेक्निकल एनालिसिस और फील्ड वेरिफिकेशन के आधार पर एक विशेष ऑपरेशन के तहत की गई है।
साल 2009 का है मामला
CBI ने इस मामले में 13 जुलाई 2009 को जितेंद्र पाठक और अन्य लोगों के खिलाफ मामला दर्ज किया था। आरोपी पर नई दिल्ली में Lok Sabha Secretariat का कर्मचारी बनकर एक प्राइवेट व्यक्ति से 50,000 रुपये की धोखाधड़ी करने का आरोप है। उसने पीड़ित को संसद में नौकरी दिलाने का झूठा वादा किया था। इस मामले में दिसंबर 2009 में पाठक और उसके अन्य साथियों के खिलाफ चार्जशीट दाखिल की गई थी।
कोर्ट द्वारा घोषित किया गया था प्रोक्लेमड ऑफेंडर
चार्जशीट दाखिल होने के बाद आरोपी पाठक ट्रायल की कार्रवाई में पेश नहीं हुआ था। सभी जरूरी कानूनी प्रक्रियाओं को पूरा करने के बाद, ट्रायल कोर्ट ने 28 सितंबर 2016 को उसे आधिकारिक तौर पर प्रोक्लेमड ऑफेंडर (proclaimed offender) घोषित किया था। इस ताजा गिरफ्तारी के साथ ही उस तलाश अभियान का अंत हो गया है जो इस क्रिमिनल केस की शुरुआत से लेकर 16 साल से अधिक समय तक चला था। इस मामले की विस्तृत जानकारी ANI News पर उपलब्ध है।