दिल्ली-NCR में प्रदूषण का खतरा: 5 नवंबर से 50% स्टाफ ऑफिस और निर्माण कार्यों पर रोक

CAQM ने प्रदूषण रोकने के लिए दिल्ली-NCR में वर्क फ्रॉम होम और निर्माण कार्यों पर पाबंदी लगाई है। जानें पूरी गाइडलाइन।

Kittu Kumari31 October 20262 min read0 viewsNCR
दिल्ली-NCR में प्रदूषण का खतरा: 5 नवंबर से 50% स्टाफ ऑफिस और निर्माण कार्यों पर रोक

सर्दियों की दस्तक के साथ ही दिल्ली और आसपास के इलाकों में प्रदूषण का स्तर बढ़ने की आशंका बढ़ गई है। इसे देखते हुए कमीशन फॉर एयर क्वालिटी मैनेजमेंट (CAQM) ने कड़े कदम उठाए हैं। दिल्ली एनसीआर प्रदूषण नियम के तहत अब 5 नवंबर से 20 नवंबर तक सरकारी और निजी दफ्तरों में केवल 50 प्रतिशत कर्मचारी ही फिजिकल तौर पर काम कर सकेंगे, जबकि बाकी कर्मचारियों को वर्क फ्रॉम होम करना होगा।

यह आदेश केवल दिल्ली ही नहीं, बल्कि एनसीआर के पांच प्रमुख जिलों—गुरुग्राम, फरीदाबाद, सोनीपत, गाजियाबाद और गौतम बुद्ध नगर के लिए भी लागू किया गया है। CAQM एक्ट 2021 की धारा 12 के तहत जारी इन निर्देशों का मकसद प्रदूषण के जोखिम को समय रहते कम करना है। इसके साथ ही, पूरे एनसीआर क्षेत्र में धूल उड़ाने वाले विध्वंस और बाहरी निर्माण कार्यों पर भी 15 दिनों के लिए पूरी तरह पाबंदी लगा दी गई है।

किन प्रोजेक्ट्स को मिली है छूट?

DelhiBreakings की हर खबर सबसे पहलेJoin Channel

केंद्रीय पर्यावरण मंत्री भूपेंद्र यादव ने स्पष्ट किया है कि ये पाबंदियां सभी पर लागू नहीं होंगी। कुछ जरूरी प्रोजेक्ट्स को इससे बाहर रखा गया है, जिनमें शामिल हैं:

  • राष्ट्रीय सुरक्षा और रक्षा से जुड़े प्रोजेक्ट।
  • रेलवे, मेट्रो, एयरपोर्ट और अंतरराज्यीय बस टर्मिनल।
  • अस्पताल, पानी और स्वच्छता से जुड़ी सुविधाएं।
  • हाईवे, फ्लाईओवर, पावर ट्रांसमिशन लाइन और टेलीकॉम जैसे लीनियर इंफ्रास्ट्रक्चर प्रोजेक्ट।

प्रदूषण पर लगाम लगाने के लिए केवल निर्माण कार्य ही नहीं, बल्कि उद्योगों पर भी नकेल कसी जाएगी। सेंट्रल पॉल्यूशन कंट्रोल बोर्ड (CPCB) ने दिल्ली, हरियाणा, उत्तर प्रदेश और राजस्थान के बोर्ड्स को निर्देश दिया है कि जो औद्योगिक इकाइयां एयर पॉल्यूशन कंट्रोल डिवाइसेस (APCDs) नहीं लगा रही हैं, उनके खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाए। 5 नवंबर से फ्लाइंग स्क्वॉड तैनात किए जाएंगे और नियमों का उल्लंघन करने वालों पर भारी जुर्माना लगाया जाएगा।

इसके अलावा, केंद्रीय मंत्री ने यह भी याद दिलाया कि दिल्ली के बाहर पंजीकृत BS-IV और उससे पुराने वाहनों पर प्रतिबंध 1 नवंबर से 31 जनवरी 2027 तक प्रभावी रहेगा।

Share:

Comments

Leave a comment