प्रदूषण पर CAQM का कड़ा एक्शन: दिल्ली-NCR में 124 निरीक्षण, कई फैक्ट्रियां और साइट्स होंगी सील

Kittu Kumari17 October 20262 min read0 viewsNCR
प्रदूषण पर CAQM का कड़ा एक्शन: दिल्ली-NCR में 124 निरीक्षण, कई फैक्ट्रियां और साइट्स होंगी सील

दिल्ली और आसपास के इलाकों में बढ़ते प्रदूषण को रोकने के लिए कमीशन फॉर एयर क्वालिटी मैनेजमेंट (CAQM) अब पूरी तरह एक्शन मोड में आ गया है। हाल ही में आयोजित अपनी 141वीं टास्क फोर्स मीटिंग में CAQM ने नेशनल कैपिटल रीजन (NCR) में प्रदूषण नियंत्रण नियमों के पालन और प्रवर्तन कार्रवाइयों की विस्तृत समीक्षा की। इस बैठक में यह साफ कर दिया गया कि नियमों की अनदेखी करने वालों पर अब और भी सख्त कार्रवाई की जाएगी।

रिपोर्ट के मुताबिक, 25 सितंबर से 9 अक्टूबर के बीच कुल 124 निरीक्षण किए गए। इनमें सबसे ज्यादा ध्यान डीजल जनरेटर (DG) सेट और औद्योगिक क्षेत्रों पर रहा। आंकड़ों पर नजर डालें तो 64 निरीक्षण DG सेट से जुड़े थे, 54 औद्योगिक क्षेत्र में और 6 निर्माण एवं विध्वंस (C&D) साइटों पर किए गए। इन जांचों के बाद कुल 55 उल्लंघन पकड़े गए, जिनमें औद्योगिक क्षेत्र में 35 और DG सेट से जुड़े 15 मामले सामने आए।

इन इकाइयों पर गिरेगी गाज, भारी जुर्माने की तैयारी

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पकड़े गए उल्लंघनों के आधार पर CAQM ने अब कड़ी कार्रवाई का प्रस्ताव रखा है। इसके तहत दो निर्माण परियोजनाओं और तीन औद्योगिक इकाइयों को पूरी तरह बंद करने की तैयारी है। साथ ही, औद्योगिक और DG सेक्टर की 12 यूनिट्स को सील किया जाएगा। केवल बंद करना ही नहीं, बल्कि कई मामलों में पर्यावरण मुआवजा (EC) लगाने, दोबारा निरीक्षण करने और मामलों को केंद्रीय व राज्य प्रदूषण नियंत्रण बोर्डों को भेजने की प्रक्रिया भी शुरू कर दी गई है।

टास्क फोर्स ने अपनी फ्लाइंग स्क्वॉड की अब तक की उपलब्धियों पर भी चर्चा की। आंकड़ों के अनुसार, अब तक 28,868 यूनिट्स और प्रोजेक्ट्स की जांच की जा चुकी है, जिनमें से 1,837 को बंद करने के निर्देश दिए गए थे। हालांकि, अनुपालन सुनिश्चित होने के बाद 1,491 मामलों में दोबारा काम शुरू करने (Resumption) के आदेश दिए गए हैं।

CAQM ने स्पष्ट निर्देश दिए हैं कि अब निरीक्षणों का मुख्य फोकस 'रेड' और 'ऑरेंज' कैटेगरी की इंडस्ट्रीज पर होगा, खासकर वहां जहां भट्ठियां (Furnaces) और बॉयलर का इस्तेमाल होता है। साथ ही फ्लाइंग स्क्वॉड को हिदायत दी गई है कि वे रिपोर्ट जमा करने से पहले पते की पूरी तरह पुष्टि करें, ताकि कोई भी दोषी कार्रवाई से बच न सके।

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