BRICS संसदीय फोरम के लिए दिल्ली पहुंचे विदेशी प्रतिनिधि, संसद परिसर में हुआ भव्य स्वागत

दिल्ली के संसद परिसर में BRICS संसदीय फोरम शुरू हुआ। रूस, ब्राजील, युगांडा और क्यूबा समेत कई देशों के प्रतिनिधि शामिल हुए।

Kittu Kumari26 October 20262 min read0 viewsDelhi Local
BRICS संसदीय फोरम के लिए दिल्ली पहुंचे विदेशी प्रतिनिधि, संसद परिसर में हुआ भव्य स्वागत

देश की राजधानी दिल्ली के संसद परिसर में सोमवार को एक महत्वपूर्ण आयोजन की शुरुआत हुई। 12वें BRICS संसदीय फोरम में हिस्सा लेने के लिए दुनिया के विभिन्न देशों के प्रतिनिधिमंडल दिल्ली पहुंचे, जहां भारतीय सांसदों और अधिकारियों ने उनका गर्मजोशी से स्वागत किया। इस दो दिवसीय आयोजन की मेजबानी भारत के संसद द्वारा की जा रही है, जिसमें 11 सदस्य देशों और 10 भागीदार देशों के प्रतिनिधि शामिल हुए हैं।

इस फोरम में रूस और ब्राजील जैसे पूर्ण सदस्य देशों के साथ-साथ युगांडा और क्यूबा जैसे भागीदार देशों के प्रतिनिधि भी पहुंचे। बैठक की गंभीरता का अंदाजा इसी बात से लगाया जा सकता है कि विदेश मंत्री एस जयशंकर भी इस कार्यक्रम में शामिल होने के लिए संसद पहुंचे। फोरम का औपचारिक शुभारंभ सुबह 10 बजे लोकसभा अध्यक्ष और फोरम के अध्यक्ष ओम बिरला के उद्घाटन भाषण के साथ हुआ।

वैश्विक चुनौतियों और प्रभाव पर चर्चा

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कार्यक्रम में शामिल सांसद नरेश बंसल ने इस मंच की अहमियत बताते हुए कहा कि BRICS दुनिया की लगभग आधी आबादी का प्रतिनिधित्व करता है और वैश्विक जीडीपी में इसकी हिस्सेदारी 40% है। उन्होंने जोर दिया कि प्रधानमंत्री मोदी के मार्गदर्शन में यह फोरम विकासशील देशों के सामने आने वाली चुनौतियों से निपटने के लिए एक महत्वपूर्ण मंच बन गया है।

वहीं, सांसद राजीव राय ने विदेशी प्रतिनिधियों का स्वागत करते हुए कहा कि उम्मीद है कि यहां से एक ऐसी आवाज निकलेगी जो अमेरिका के अत्यधिक प्रभाव को संतुलित करने में मदद करेगी। उन्होंने स्पष्ट किया कि विदेश नीति, शांति और विकास जैसे मुद्दों पर देश हमेशा एकजुट रहा है और ऐसे गंभीर विषयों पर छोटी राजनीति या आपसी तकरार की कोई जगह नहीं है।

इस आयोजन की खास बात यह है कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी भी आज विभिन्न सदस्य और भागीदार देशों के स्पीकर्स और प्रतिनिधिमंडलों के प्रमुखों से मुलाकात करेंगे, जिससे वैश्विक सहयोग को और मजबूती मिलने की उम्मीद है।

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