बारापुलला फेज-3 पर लगा 3 किमी लंबा जाम, डिजाइन की गलती से मची अफरा-तफरी
बारापुलला फेज-3 कॉरिडोर पर मयूर विहार से एम्स की ओर 3 किमी लंबा ट्रैफिक जाम लगा। जानें क्यों फेल हो रहा है यह नया रूट।

दिल्ली के मयूर विहार से एम्स की ओर जाने वाले यात्रियों के लिए बारापुलला फेज-3 कॉरिडोर अब राहत के बजाय सिरदर्द बनता जा रहा है। मंगलवार, 27 अक्टूबर को इस रूट पर करीब 3 किलोमीटर लंबा ट्रैफिक जाम लग गया, जिसने हजारों यात्रियों की रफ्तार रोक दी। सुबह 9:00 बजे से शुरू हुआ यह जाम दोपहर 2:00 बजे तक जारी रहा, जिससे लोग घंटों सड़क पर फंसे रहे।
हैरानी की बात यह है कि इस कॉरिडोर का उद्घाटन बीते 29 सितंबर को ही हुआ था। दावा किया गया था कि इससे मयूर विहार और एम्स के बीच का सफर महज 15-20 मिनट में पूरा हो जाएगा, लेकिन जमीनी हकीकत इसके उलट है। जाम का सबसे बड़ा कारण इस सड़क का दोषपूर्ण डिजाइन बताया जा रहा है। यहां छह लेन का ट्रैफिक अचानक सिमटकर केवल तीन लेन में आ जाता है, जिससे एक 'फनल इफेक्ट' पैदा होता है और गाड़ियां आगे नहीं बढ़ पातीं।
डिजाइन की खामियां और गूगल मैप्स की मुसीबत
यह प्रोजेक्ट साल 2017 में ही पूरा होना था, लेकिन भारी देरी के बाद यह अब बनकर तैयार हुआ है। अब समस्या यह है कि जब इसका डिजाइन तैयार हुआ था, तब नोएडा और गाजियाबाद से आने वाले वाहनों की संख्या इतनी ज्यादा नहीं थी, जितनी अब है। मौजूदा ट्रैफिक लोड को संभालने में यह कॉरिडोर पूरी तरह नाकाम साबित हो रहा है।
इसके अलावा, अधिकारियों का कहना है कि गूगल मैप्स का रियल-टाइम डेटा भी गलत साबित हो रहा है, जो ड्राइवरों को इसी भीड़भाड़ वाले कॉरिडोर की ओर भेज देता है, जिससे जाम और ज्यादा बढ़ जाता है। हालांकि, दिल्ली ट्रैफिक पुलिस और PWD ने ट्रैफिक सिग्नल लगाने, अतिरिक्त लेन जोड़ने और यू-टर्न बनाने जैसे सुझाव दिए हैं, लेकिन अभी तक इनमें से कोई भी कदम नहीं उठाया गया है। फिलहाल, ट्रैफिक पुलिस के जवान मयूर विहार एंट्री पॉइंट्स पर मैन्युअल तरीके से गाड़ियों को नियंत्रित कर रहे हैं ताकि स्थिति को संभाला जा सके।