अंकिता भंडारी मर्डर केस: बेटी को न्याय दिलाने दिल्ली पहुंचे माता-पिता, CBI अधिकारियों से मिलकर मांगी निष्पक्ष जांच

Kittu Kumari16 October 20262 min read0 viewsDelhi Local
अंकिता भंडारी मर्डर केस: बेटी को न्याय दिलाने दिल्ली पहुंचे माता-पिता, CBI अधिकारियों से मिलकर मांगी निष्पक्ष जांच

ऋषिकेश के पास एक रिजॉर्ट की रिसेप्शनिस्ट रही अंकिता भंडारी की हत्या के मामले में इंसाफ की लड़ाई अब एक नए मोड़ पर है। अंकिता के माता-पिता ने दिल्ली स्थित केंद्रीय जांच ब्यूरो (CBI) के मुख्यालय में वरिष्ठ अधिकारियों से मुलाकात की। इस मुलाकात के दौरान उन्होंने मामले के विभिन्न पहलुओं पर महत्वपूर्ण जानकारी साझा की और उम्मीद जताई कि इस हाई-प्रोफाइल केस की तह तक जाया जाएगा। CBI अधिकारियों ने परिवार को भरोसा दिलाया है कि जांच पूरी तरह निष्पक्ष और पारदर्शी होगी और मामले के हर एक पहलू की बारीकी से जांच की जाएगी।

यह पूरी हलचल तब तेज हुई जब इस मामले में एक "VIP" की कथित संलिप्तता की खबरें सामने आईं। अंकिता के परिवार ने पूर्व भाजपा उत्तराखंड प्रभारी दुष्यंत गौतम की सिक्किम के राज्यपाल के रूप में नियुक्ति पर गंभीर सवाल उठाए हैं। परिवार का मानना है कि जब तक जांच पूरी नहीं हो जाती, तब तक ऐसे पदों पर नियुक्तियां नहीं होनी चाहिए। इससे पहले, अंकिता के माता-पिता ने इंडिया गेट पर धरना भी दिया था, जिसके बाद उन्हें पुलिस ने हिरासत में लिया और बाद में तिलक मार्ग पुलिस स्टेशन से रिहा किया।

परिवार की मांगें और पुलिस का पक्ष

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अंकिता के पिता ने अधिकारियों के सामने अपनी मांगें रखते हुए कहा कि 18 और 19 सितंबर 2022 के बीच अजय कुमार और दुष्यंत कुमार की लोकेशन डिटेल्स और कॉल रिकॉर्ड्स को सार्वजनिक किया जाए। परिवार का यह भी आरोप है कि मुख्य आरोपी पुलकित आर्य का एक पुराना मोबाइल फोन, जिसे SIT रिकवर नहीं कर पाई, वह मामले की कड़ियों को जोड़ने के लिए बेहद जरूरी है। इसके अलावा, उन्होंने रिजॉर्ट को गिराए जाने की परिस्थितियों पर स्पष्टीकरण मांगा है।

दूसरी ओर, उत्तराखंड के एडीजी (क्राइम और कानून व्यवस्था) वी. मुरुगेसन ने स्पष्ट किया है कि पुलिस ने इस मामले में त्वरित कार्रवाई की थी और घटना के 24 घंटे के भीतर तीनों आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया गया था। उन्होंने बताया कि मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी के निर्देश पर एक महिला IPS अधिकारी के नेतृत्व में SIT का गठन किया गया था ताकि जांच प्रभावी ढंग से हो सके।

बता दें कि सितंबर 2022 में हुई इस दर्दनाक घटना में अंकिता की हत्या कर दी गई थी और उसका शव 24 सितंबर को चिल्ला नहर से मिला था। रिजॉर्ट मालिक पुलकित आर्य और दो कर्मचारियों को दोषी ठहराते हुए कोर्ट ने उन्हें उम्रकैद की सजा सुनाई है। हालांकि, परिवार अब भी उस "VIP" की पहचान चाहता है जिसका जिक्र जांच के दौरान हुआ था और जिसे अब तक बचाया जा रहा है।

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