रामलीला मैदान में अखिलेश यादव का बीजेपी पर प्रहार, 'अंगद के पैर' वाले बयान पर कसा तंज
दिल्ली की रैली में अखिलेश यादव ने अमित शाह के 'अंगद के पैर' वाले बयान पर पलटवार किया और बीजेपी सरकार को घेरा।

दिल्ली के रामलीला मैदान में आयोजित इंडिया गठबंधन की मेगा रैली में समाजवादी पार्टी के मुखिया अखिलेश यादव ने केंद्र की सत्ताधारी भारतीय जनता पार्टी पर जोरदार हमला बोला। 1 नवंबर 2026 को आयोजित इस रैली में अखिलेश यादव ने न केवल सरकार की नीतियों की आलोचना की, बल्कि केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह के एक हालिया बयान को लेकर उन्हें आड़े हाथों लिया।
दरअसल, 30 अक्टूबर को लखनऊ में अमित शाह ने उत्तर प्रदेश की बीजेपी सरकार की तुलना 'अंगद के पैर' से की थी, जिसका अर्थ एक ऐसी स्थिति से है जिसे हिलाया न जा सके। इस पर पलटवार करते हुए अखिलेश यादव ने तंज कसा और कहा, "जो लोग यह कहकर आए हैं कि वे अंगद का पैर हैं, उन्हें यह पता होना चाहिए कि जब जमीन ही नहीं बचेगी, तो पैर रखेंगे कहां?"
'डबल इंजन' सरकार को मिला 'डबल जीरो'
पूर्व मुख्यमंत्री अखिलेश यादव यहीं नहीं रुके, उन्होंने राज्य में हुए एमएलसी चुनाव के नतीजों का जिक्र करते हुए बीजेपी की 'डबल इंजन' सरकार पर निशाना साधा। उन्होंने आरोप लगाया कि जनता ने इस सरकार को 'डबल जीरो' देकर अपना फैसला सुना दिया है।
इस 'चलो दिल्ली' कार्यक्रम में राहुल गांधी, ममता बनर्जी, तेजस्वी यादव, प्रियंका गांधी वाड्रा, मल्लिकार्जुन खड़गे और फारूक अब्दुल्ला जैसे दिग्गज नेता शामिल हुए। यह पूरी रैली चुनाव प्रक्रिया में कथित अनियमितताओं के विरोध में आयोजित की गई थी। इंडिया गठबंधन ने मतदाता सूचियों के 'स्पेशल इंटेंसिव रिवीजन' (SIR) का कड़ा विरोध किया और मुख्य चुनाव आयुक्त ज्ञानेश कुमार के इस्तीफे की मांग की।
मुख्य कार्यक्रम से पहले, विपक्षी नेताओं ने मिंटो रोड-कनॉट प्लेस जंक्शन से रामलीला मैदान तक एक विरोध मार्च निकाला, जिसके जरिए उन्होंने चुनाव आयोग और केंद्र सरकार के प्रति अपना आक्रोश व्यक्त किया।