CJP संस्थापक अभिजीत दिपके को दिल्ली पुलिस ने दी दादी की मौत की खबर, घर जाने के लिए मदद का दिया भरोसा

दिल्ली पुलिस ने हिरासत में लिए गए कॉकरोच जनता पार्टी (CJP) के संस्थापक अभिजीत दिपके को उनकी दादी के निधन की दुखद खबर दी है। पुलिस अधिकारियों ने मानवीय आधार पर उन्हें उनके गृहनगर जाने के लिए आवश्यक सहायता प्रदान करने का प्रस्ताव भी रखा है। यह कदम उस समय आया जब दिपके को जंतर मंतर पर पार्टी द्वारा बुलाए गए एक विरोध प्रदर्शन के सिलसिले में हिरासत में लिया गया था, जिसकी पुलिस ने अनुमति नहीं दी थी।
अभिजीत दिपके की दादी का निधन महाराष्ट्र के हिंगोली जिले के संतुक पिंपरी गांव में हुआ। बताया गया है कि वह पिछले कुछ दिनों से लंबी बीमारी और उम्र से संबंधित स्वास्थ्य समस्याओं से जूझ रही थीं। दिल्ली पुलिस के अधिकारियों के अनुसार, दिपके को पूरी संवेदनशीलता के साथ इस घटना की जानकारी दी गई और उन्हें अंतिम संस्कार के समय के बारे में भी बताया गया।
विरोध प्रदर्शन और गिरफ्तारी का विवाद
यह पूरा मामला तब शुरू हुआ जब मुख्य चुनाव आयुक्त ज्ञानेश कुमार के इस्तीफे की मांग को लेकर CJP के नेतृत्व में विरोध प्रदर्शन का आह्वान किया गया था। दिल्ली पुलिस के सूत्रों के मुताबिक, राजधानी में जंतर मंतर की ओर मार्च करने की कोशिश करने वाले लगभग 1,000 प्रदर्शनकारियों को हिरासत में लिया गया है। सुरक्षा के कड़े इंतजामों के चलते दिल्ली के कई प्रवेश द्वारों पर कड़ी निगरानी रखी गई और 46 मेट्रो स्टेशनों को बंद करना पड़ा।
वहीं, मुंबई से दिल्ली पहुंचे अभिजीत दिपके ने इंस्टाग्राम पर एक वीडियो साझा कर पुलिस की कार्रवाई पर गंभीर आरोप लगाए थे। उन्होंने दावा किया कि जैसे ही वे फ्लाइट से उतरे, पुलिस कर्मियों ने उन्हें और उनके साथियों को हिरासत में ले लिया। दिपके ने वीडियो में आरोप लगाया कि पुलिस अधिकारी विमान के अंदर तक घुस आए थे। उन्होंने इसे 'तानाशाही' करार देते हुए कहा कि शांतिपूर्ण विरोध प्रदर्शन करने वालों के साथ अपराधियों जैसा व्यवहार किया जा रहा है।